शहर में शांति की बहाली के लिए मंगलवार को जिला प्रशासन की अगुवाई में शांति मार्च निकाला गया। शांति मार्च में सभी वर्गों के लोग आला अफसरों के कंधे से कंधा मिलाते हुए सड़कों पर घूमे और शांति का संदेश दिया। खास तौर पर जहां ज्यादा बवाल हुआ था, वहां के लोगों से मिलजुलकर रहने की अपील की।
साथ ही पुलिस व प्रशासन के अधिकारियों ने सभी को सुरक्षा का एहसास कराया। कोतवाली परिसर से दिन में 11 बजे शांति मार्च शुरू हुआ। इसके बाद गढ़ैया, ग्वालमैदान, फर्श रोड, नगर पालिका, लाखन तिराया, हरदेवगंज, कचहरी टोला, सब्जी मंडी, अजयपाल रोड, पीतल मंडी आदि मोहल्लों का भ्रमण करते हुए वापस कोतवाली पहुंचा।
शांति मार्च के दौरान माइक से घोषणा कर लोगों को सुरक्षा का एहसास कराया गया। लोगों से घरों से बाहर निकलने व कारोबारियों से दुकानें खोलने तथा मिलजुलकर रहने का आह्वान किया गया। शांति मार्च पर जगह-जगह लोगों ने पुष्प वर्षा की। डीएम, एसपी के साथ ही शांति मार्च में चल रहे लोगों का माल्यार्पण कर इस पहल को सराहा।
गले में शांति दूत की पट्टी टांगे व पंपलेट बांटकर शांति का इजहार किया गया। शांति मार्च को देखने के लिए घरों से लोग बाहर निकले। तमाम लोग इसमें बाहर शामिल हुए। वहीं महिलाएं व बच्चे छज्जों, छतों व खिड़की से झांककर शांति मार्च को देखती रहीं।
इस दौरान डीएम अनुज कुमार झा, एसपी कलानिधि नैथानी, एडीएम रमेश चंद्र यादव के साथ सपा जिलाध्यक्ष मजहरुल हक, पूर्व चेयरमैन हाजी मो. रईस, पूर्व ब्लाक प्रमुख नवाब सिंह यादव, कांग्रेस नेता विवेक नारायन मिश्रा व विश्वनाथ गिहार आदि शामिल रहे।