गर्मी का कहर लोगों पर टूट रहा है। सड़कों पर निकले लोग बेहाल हैं। लक्जरी गाड़ियों के एसी भी दगा दे गए। गर्मी से बचने के लिए जीटी रोड पर लोग अपने वाहन पेड़ों के नीचे खड़े करके मौसम ठंडा होने का इंतजार करते रहे। पारा 43 डिग्री के पार हो गया है। पारे ने छह साल का रिकार्ड तोड़ दिया है। 2011 में 19 अप्रैल को अधिकतम तापमान 32.2 डिग्री रिकार्ड किया गया था, आज बुधवार का तापमान 43 डिग्री रहा।
आसमान में उड़ने वाले परिंदे व मवेशी भी गर्मी से व्याकुल रहे। डाक्टरों ने गर्मी को देखते हुए बासी भोजन से बचने के साथ जरूरत पड़ने पर ही घर से बाहर निकलने की सलाह दी है। बुधवार की सुबह 11 बजते ही तापमान 40 डिग्री पार कर गया। तेज धूप व गर्मी के कारण लोग जीटी रोड किनारे बनी दुकानों की टीन शेड के नीचे खड़े नजर आए। अधिकतर तापमान 43 डिग्री पार होने के चलते जीटी रोड पर निकले चौपहिया वाहन भी पेड़ों के नीचे खड़े नजर आए। सड़क पर जो भी दिखा वह पूरा शरीर ढंके हुए था। गर्मी व तेज धूप के कारण रोजाना लगने वाला जाम भी चौराहों पर नहीं दिखा।
शरीर को ढंककर ही बाहर निकले
कन्नौज। कोशिश करें कि जरूरी काम सुबह 10 बजे तक अथवा देर शाम को निपटा लें। जरूरत होने पर यदि बाहर जाना पड़े तो खाली पेट घर से बाहर न निकलें। पानी अवश्य पीएं। सिर को ढंककर निकलें। आंखों पर चश्मे का इस्तेमाल अवश्य करें। बाजार के कटे, फटे फलों व खाद्य पदार्थों का सेवन न करें। इंडिया मार्का हैंडपंप का पानी पीएं। भरपेट भोजन से बचें। बच्चों में साफ-सफाई का विशेष ध्यान दें। अन्यथा त्वचा संबंधी बीमारियां हो सकती है।
पशुओं को तीन बार पिलाएं पानी
पशु चिकित्सक डा. विकराल सिंह ने बताया कि तेज धूप और गर्मी से अपने मवेशियों की रक्षा करें। उनके स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखें। मवेशियों को खुले व सीधी धूप पर न बांधे। मवेशियों को जिस जगह पर बांधें वहां पर आसपास जूट के बोरे लगा दें, उन्हें पानी से गीला करते रहें। जिससे मवेशियों को ठंडक मिलती है। भीषण गर्मी को देखते हुए उन्हें दिन में तीन बार पानी अवश्य पिलाएं। पानी की कमी मवेशियों के शरीर का तापमान बढ़ा सकती है। उन्हें बीमार भी कर सकती है।
घरों के एसी भी दे गए दगा
43 डिग्री के पार पहुंचे पारे से लोगों के घरों में लगे विंडो एसी दगा दे गए। जिसके चलते लोगों को पंखे की हवा का सहारा लेना पड़ा। सरायमीरा के संजय कुमार, लोहामंड़ी के गोविंद तिवारी, अशोक नगर के आशुतोष कुमार कहते हैं कि उनके घर में विंडो एसी लगे हैं। आज एसी ने काम करना बंद कर दिया। पहले उन्हें लगा कि खराब हो गया होगा, लेकिन बाद में पता चला कि गर्मी के कारण दिक्कत दे रहा है।
लू व डायरिया लगने पर पानी की कमी के साथ ही नमक, पोटैशियम व ग्लूकोज की भी कमी हो जाती है। जिसके कारण चक्कर आना, जी मिचलाना, घबराहट, सिरदर्द, तेज बुखार, बेहोशी, उल्टी-दस्त शुरू हो जाते हैं। क्षेत्र में किसी भी तरह का संक्रमण होने पर तुरंत स्वास्थ्य केंद्र व कार्यालय मुख्य चिकित्साधिकारी में स्थापित कंट्रोल रूम के नंबर 9936009908 पर संपर्क करें।- सीएमओ डॉ. एके पचौरी