भाजपा की महापंचायत व पंचायती चुनाव को लेकर कसबे में बुधवार को भाजपा की एक जनसभा का आयोजन किया गया। इसमें प्रांतीय कार्यसमिति के सदस्य सुब्रत पाठक ने बवाल को लेकर पुलिस प्रशासन पर आरोप लगाए। अपनी लापरवाही छुपाने के लिए पुलिस प्रशासन ने भाजपा को बदनाम किया। उनके कार्यकर्ताओं पर झूठे मुकदमे लाद दिए।
उन्होंने कहा कि जिले में महापंचायत की जरूरत इसलिए हुई कि यहां अन्याय की पराकाष्ठा हो चुकी है। इसके जरिए ही भाजपा जुल्म के खिलाफ संघर्ष का बिगुल फूंकेगी। उन्होंने कहा कि दोनों राजनैतिक पार्टियां सिर्फ चंद लोगों तक ही सीमित हैं, जबकि भाजपा एक लोकतांत्रिक दल है।
उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि अपने मन से वे डर को निकाल दें। महापंचायत में भारी तादात में पहुंचकर सत्ता के खिलाफ आवाज उठाएं। जिला प्रशासन द्वारा लगाई गई धारा 144 से डरने की जरूरत नहीं है। पूर्व विधायक कैलाश राजपूत ने कहा कि भाजपा जनता की आवाज बनकर महापंचायत में समाजवादी पार्टी के खिलाफ आवाज बुलंद करेगी। उन्होंने कहा कि गांव-गांव जाकर कार्यकर्ता लोगों को महापंचायत का उद्देश्य बताएं।
जनसभा को जिलाध्यक्ष नरेंद्र राजपूत, पूर्व जिलाध्यक्ष योगेद्र सिंह भदौरिया, नगर अध्यक्ष शिशुपाल सिंह चौहान, रामशंकर लोधी, राधेश्याम राजपूत, महिला मोर्चा की पूर्व जिलाध्यक्ष राधारानी सविता ने भी संबोधित किया। अध्यक्षता राजेंद्र सिंह सिसौदिया ने की।
इस दौरान अजब सिंह राजपूत, आनंद भदौरिया, वृजेश शुक्ला, ओमजी गुप्ता, प्रमोद गुप्ता, राकेश शर्मा, संदीप भदौरिया, सभासद मनीष प्रजापति, मिथलेश बाथम सहित कई पदाधिकारी मौजूद रहे। जनसभा के दौरान कसबे के प्रमुख व्यवसायी त्रिलोकी चतुर्वेदी ने अपने एक सैकड़ा समर्थकों के साथ भाजपा की सदस्यता ग्रहण की। इस पर सुब्रत पाठक व कैलाश राजपूत ने सभी का माल्यार्पण कर अभिनंदन किया।