पहली बार जिले में मदरसों में पढ़ने वाले 20317 छात्र-छात्राओं की वार्षिक परीक्षाओं का संचालन जिला विद्यालय निरीक्षक की देखरेख में होगा। राजकीय विद्यालयों, मान्यता प्राप्त व सहायता प्राप्त माध्यमिक विद्यालयों को ही परीक्षा केंद्र बनाया जाएगा। इस संबंध में उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा परिषद के रजिस्ट्रार मोहम्मद तारिक ने सभी जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारियों को निर्देश दिया है।
जिला अल्पसंख्यक कल्याण अधिकारी पवन कुमार सिंह के अनुसार उत्तर प्रदेश मदरसा शिक्षा परिषद लखनऊ द्वारा संचालित अरबी तथा फारसी की मुंशी, मौलवी, कामिल, फाजिल परीक्षा 2016 की बोर्ड परीक्षाएं 3 अप्रैल से शुरू होंगी। इस बार ये परीक्षाएं माध्यमिक शिक्षा परिषद की भांति दोनों पाली में माध्यमिक शिक्षा विभाग के निर्देशन में संपन्न होंगी।
उन्होंने बताया कि समस्त मंडलीय शिक्षा निदेशक एवं जिला विद्यालय निरीक्षक को शासनादेश की जानकारी भेज दी गई है। मदरसावार छात्र संख्या एवं अन्य विवरण डीआईओएस को भेजा गया है। शासन के आदेशानुसार जिला अल्पसंख्यक कार्यालय डीआईओएस से जल्द संपर्क करके परीक्षा केंद्रों का निर्धारण कराएगा। 4 मार्च तक परीक्षा केंद्र निर्माण करने की समय सीमा निर्धारित हुई है। कानपुर के डीएमओ मुकेश कुमार चंदानी ने बताया कि उनके पास भी आदेश आया है। इस तरह से नकल पर अंकुश लगेगा। डीआईओएस की निगरानी में ही परीक्षाएं होंगी।