छिबरामऊ। नगर में पृथ्वीराज चौहान और भगवान बुद्ध की मूर्तियां लगाने के प्रस्तावों पर पानी फिर गया। शासन के निर्देशानुसार अब सड़क के किनारे तिराहे, चौराहों पर महापुरुषों की प्रतिमाएं नहीं लगाई जाएंगी। सड़क के किनारे मंदिर व मस्जिदों को दूसरी जगह शिफ्ट किया जाना है।
नगर पालिका बोर्ड की बैठक में चेयरमैन राजीव दुबे ने कहा कि करणी सेना व शाक्य महासभा ने नगर के चौराहों पर मूर्तियां लगवाने का प्रस्ताव दिया था। अब इन मूर्तियों के लिए दूसरी जगह तलाशी जाएगी। सभासद सुशील पांडेय के प्रस्ताव पर नगर पालिका का पार्किंग ठेका निरस्त कर दिया गया। चेयरमैन ने बताया कि कोरोना काल में आगरा, कानपुर व लखनऊ में उपचार के लिए गए नगर के लोग रास्ते में दिवंगत हो गए थे। उनका मृत्यु प्रमाण पत्र न बन पाने से परिजनों को खासी दिक्कतें हो रही हैं। शासन से मृत्यु प्रमाणपत्र बनाने के लिए दिशा निर्देश मांगे गए हैं। आवास विकास कालोनी के 16 पार्कों के सुंदरीकरण का प्रस्ताव रखा गया। नाली, सड़क के काम कराने का निर्णय लिया गया।
अधिशासी अधिकारी सुरेंद्र केसरवानी ने बताया कि पूर्व राज्यमंत्री अर्चना पांडेय की तरफ से एक प्रस्ताव नगर विकास मंत्री को भेजा गया है। इसमें चार ट्यूबवेल रीबोर कराने, एक नया लगवाने के लिए बजट की मांग की गई है। सभासद पूनम शाक्य व लक्ष्मी देवी ने बोर्ड की बैठक में सभी प्रस्तावों का विरोध किया। यहां सभासद सुशील पांडेय, शब्बीर खां, अरुण कुमार उर्फ टिंकी यादव, अतुल वर्मा, अरविंद गुप्ता, धर्मेंद्र दुबे उर्फ शम्मी, हसमुद्दीन, संजय कुमार उर्फ अक्कू भदौरिया, रानू कुरैशी, नरेंद्र शर्मा सहित सभी सभासद मौजूद रहे।