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नम आंखों से दी सिपाही को विदाई: मंगेतर कोमल ने सचिन के पिता से कहा- पापा आप रो मत... मैं हूं न

Wed, 27 Dec 2023 10:42 AM IST
शाहरुख खान अमर उजाला नेटवर्क, कन्नौज

सार

सचिन की मंगेतर कोमल अंत तक पार्थिव शरीर के पास बैठी रही। सचिन के पिता वेदपाल राठी को आला अफसरों के साथ ही समाज कल्याण मंत्री ने ढांढस बंधाया और हत्यारोपियों पर कार्रवाई करने का आश्वासन भी दिया। कोमल ने सचिन के पिता को संभाला और कहा कि पापा आप रो मत, मैं हूं न। 
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Kannauj Case - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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हिस्ट्रीशीटर की गोली लगने के बाद शहीद हुए सिपाही सचिन राठी का शव मंगलवार की दोपहर पुलिस लाइन लाया गया। उसके पार्थिव शरीर को पुलिस लाइन में शोक सलामी के साथ जवानों ने नम आंखों से अंतिम विदाई दी। इसके बाद पार्थिव शरीर को मुजफ्फरनगर स्थित पैतृक गांव शाह डब्बर रवाना किया गया।
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घायल सिपाही सचिन राठी की सोमवार देर रात कानपुर में इलाज के दौरान मौत हो गई। मंगलवार दोपहर पोस्टमार्टम के बाद शव पुलिस लाइन स्थित शहीद स्थल लाया गया। पुलिस जवानों के साथ एडीजी आलोक सिंह, आईजी प्रशांत कुमार, डीएम शुभ्रांत शुक्ला, एसपी अमित कुमार आनंद ने सहयोगी अफसरों के साथ ही नम आंखों से श्रद्धांजलि और जवानों ने शस्त्र झुकाकर सलामी दी। 

सदर विधायक व समाज कल्याण मंत्री असीम अरुण के साथ डीएम, एसपी ने पार्थिव शरीर को वाहन तक पहुंचाया और सिपाही के पैतृक गांव के लिए रवाना किया। श्रद्धांजलि देने के लिए आला अफसर के साथ ही एडीएम आशीष सिंह, एएसपी डॉ. संसार सिंह, सीओ सदर डॉ. प्रियंका बाजपेई, सीओ तिर्वा, सीओ छिबरामऊ, सदर कोतवाल समेत अन्य पुलिस कर्मी मौजूद रहे।
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...सुनाई दे रहीं थीं सिसकियां
शस्त्र झुकाकर सलामी देने के बाद शहीद स्थल पर दो मिनट के लिए शांति छा गई और सिर्फ सिसकियों की आवाज ही सुनाई दे रही थी। पुलिस लाइन में मौजूद हर जवान और उनके परिवार के सदस्यों की आंख नम थीं। हर कोई सिसक रहा था। कोई किसी से बात करने की हिम्मत नहीं कर रहा था। सभी की निगाहें एक-दूसरे से सचिन राठी की शहादत पर गम का इजहार कर रही थीं।

मंगेतर कोमल ने सचिन के पिता से कहा, पापा आप रो मत, मैं हूं न
सचिन की मंगेतर काेमल अंत तक पार्थिव शरीर के पास बैठी रही। सचिन के पिता वेदपाल राठी को आला अफसरों के साथ ही समाज कल्याण मंत्री ने ढांढस बंधाया और हत्यारोपियों पर कार्रवाई करने का आश्वासन भी दिया। कोमल ने सचिन के पिता को संभाला और कहा कि पापा आप रो मत, मैं हूं न। इतना कहते ही दोनों की आंखों से आंसू छलक पड़े। कोमल ने भी पार्थिव शरीर को कंधा देकर वाहन तक पहुंचाया और वाहन के साथ सचिन के पैतृक गांव के लिए रवाना हो गई।

 

सर, हत्यारों को छोड़ना मत
आला अफसरों ने सचिन के पिता वेदपाल राठी और बड़े भाई जतिन को ढांढ़स बंधाया। इसके बाद सचिन के पिता ने कहा कि सर हत्यारों को आप छोड़ना मत और सख्त कार्रवाई करना।

परिवार के नहीं थम रहे आंसू
सचिन के परिवार में मां गीता देवी, पिता वेदपाल राठी, बड़ा भाई सचिन और छोटी बहन अंशू हैं। घटना के बाद से परिवार में कोहराम मचा हुआ है और परिवार के आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे हैं।
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अपराधी को दिलाएंगे सजा
कानून से भाग रहे अपराधी को पकड़े के लिए पुलिस टीम गई थी। अपराधी के फायर करने से सचिन घायल हो गए थे और बेहतर उपचार के लिए सचिन को कानपुर के रिजेंसी हाॅस्पिटल में इलाज किया गया, जहां पर सचिन ने दम तोड़ दिया। हत्यारोपी के आपराधिक इतिहास को देखते हुए कठोर से कठोर दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। अपराधी को न्यायालय के समझ प्रस्तुत कर सजा दिलाएंगे। कानून के जितने भी प्रावधान हैं, उन सभी का प्रयोग किया जाएगा। -आलोक सिंह, अपर पुलिस महानिदेशक
 
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