कन्नौज/मानीमऊ। चमोली में जल प्रलय का असर यहां गंगा में फिलहाल नहीं दिखा। जलस्तर न बढ़ने से तटवर्ती इलाकों के ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है। वहीं प्रशासन की ओर से अलर्ट अभी भी जारी है। अधिकारियों के मुताबिक कभी भी जलस्तर बढ़ सकता है। गंगा में मछुआरों और नाविकों के जाने पर रोक बरकरार है।
चमोली में ग्लेशियर गिरने से जल प्रलय के बाद नरौरा और टिहरी बांध से रविवार को पानी छोड़ा गया है। जिले में यह पानी सोमवार शाम तक पहुंचने की आशंका थी। इससे प्रशासन ने गंगा के तटवर्ती 20 गांव के लोगों को सचेत कर दिया था। गंगा में पानी कम होने से यह जिले तक नहीं पहुंचा। एसडीएम गौरव कुमार शुक्ला और सीओ शिव प्रताप सिंह ने गंगा किनारे बसे गांवों का दौरा कर लोगों को अलर्ट रहने की हिदायत दी। वहीं महादेवी गंगा घाट का दौरा किया।
एसडीएम ने बताया कि गंगा का जलस्तर कभी भी बढ़ सकता है। लगातार निगरानी की जा रही है। वहीं गंगा का जलस्तर न बढ़ने से किसानाें और ग्रामीणों ने राहत की सांस ली है।