कन्नौज। बगीचे में घुसकर चोरी से आम तोड़ने का विरोध करने पर तीन युवकों ने रखवाली कर रहे किसान को बेरहमी से पीट दिया। इलाज के दौरान किसान की मौत हो गई। कोर्ट ने तीनों दोषियों को अर्थदंड के साथ सात-सात साल की सजा सुनाई है। इन्हें जेल भेज दिया गया।
छिबरामऊ कोतवाली के गांव हसनपुर सानी निवासी सुरेश पाठक 15 जून 2016 की रात आठ बजे गांव के बाहर अपने आम के बगीचे की रखवाली कर रहे थे। गांव में रहने वाले ललई पुत्र नवीचंद्र, नंदू पुत्र बाबूराम और नरवेश पुत्र रामऔतार चोरी से बगीचे में घुसकर आम तोड़ने गए थे। आम तोड़ता देखकर सुरेश पाठक ने विरोध किया। इस पर तीनों ने लाठी-डंडों से सुरेश को पीटकर घायल कर दिया। कानपुर हैलट में इलाज के दौरान 20 जून को सुरेश पाठक की मौत हो गई थी। बेटे मनोज पाठक ने तीनों आरोपियों के खिलाफ गैरइरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था।
गुरुवार को एडीजे फास्ट ट्रैक कोर्ट द्वितीय न्यायाधीश शिवकुमार तिवारी ने सुनवाई की। शासकीय अधिवक्ता बृजेश शुक्ला ने अभियोजन में सात गवाहों के बयान दर्ज कराए। साक्ष्यों के आधार पर न्यायाधीश ने तीनों दोषियों को सात-सात साल की सजा और दो-दो हजार का अर्थदंड लगाया। तीनों दोषियों को कोर्ट से जेल भेज दिया गया।