कन्नौज। अब कोहरे के दौरान ट्रेनों के संचालन में बाधा नहीं आएगी। रेलवे ने इस समस्या से निजात दिलवाने के लिए ट्रेनों में फॉग सेफ्टी डिवाइस लगानी शुरू कर दी है। डिवाइस में 18 घंटे के लिए इन-बिल्ट रीचार्जेबल बैटरी बैकअप का प्रावधान किया गया है। यह डिवाइस आकार में छोटा, वजन में हल्का व मजबूत बनाया गया है।
फॉग सेफ डिवाइस एक बैटरी संचालित यंत्र है। इसे इंजन में रखा जाता है। इसमें जीपीएस की सुविधा होती है। इस यंत्र के साथ एंटीना होता है, जो ट्रेन संचालन के दौरान इंजन के बाहरी हिस्से में लगा दिया जाता है। इस एंटीना से डिवाइस को सिग्नल मिलता है। इसके आधार पर ट्रेन के संचालन का रेल मार्ग निर्धारित किया जाता है। रेल मार्ग निर्धारित करते ही बीच रास्ते में पड़ने वाले रेल फाटक, सिग्नल और रेलवे स्टेशन की जानकारी पहले से दर्ज होती है।
इज्जतनगर मंडल को मिली 268 फॉग सेफ्टी डिवाइस
इज्जतगनर मंडल को 268 फाॅग सेफ्टी डिवाइस उपलब्ध कराई गई हैं। इस डिवाइस से ट्रेन सेवाओं की विश्वसनीयता बढ़ती व विलंबन कम होता है तथा समग्र सुरक्षा एवं संरक्षा सुनिश्चित करता है। डिवाइस लगने के बाद ट्रेनों का संचालन प्रभावित नहीं होगा।
18 घंटे के लिए इन बिल्ट रीचार्जेबल बैटरी बैकअप
डिवाइस में 18 घंटे के लिए इन-बिल्ट रीचार्जेबल बैटरी बैकअप का प्रावधान किया गया है। यह डिवाइस आकार में छोटा, वजन में हल्का व मजबूत बनाया गया है, जिसे लोको पायलट अपनी ड्यूटी शुरु करने पर अपने साथ आसानी से इंजन तक ले जा सकते हैं तथा इसे इंजन के कैब डेस्क पर आसानी से रख सकते हैं।
बारिश और धूप में भी कारगर
आधुनिक फाॅग सेफ्टी डिवाइस कोहरे के साथ ही बारिश और धूप में भी कारगर रहता है, जिससे ट्रेनों की सुरक्षा तथा संरक्षा बढ़ जाती है।
इनसेट-कोट
धुंध के मौसम में ट्रेनों का संचालन प्रभावित न हो, इसके लिए फॉग सेफ्टी डिवाइस लगाई जाती है। इज्जतनगर मंडल को 268 फाॅग सेफ्टी डिवाइस उपलब्ध कराई गई हैं। इसके अलावा ट्रेन संचालन से जुड़े सभी कर्मचारियों को निर्देश दिए गए कि वह पूरी सतर्कता रखें।
राजेंद्र सिंह, मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पूर्वोत्तर रेलवे, इज्जतनगर मंडल।