तालग्राम। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रसव के कुछ घंटे बाद प्रसूता की हालत बिगड़ने से मौत हो गई। परिजनों ने एएनएम पर लापरवाही के आरोप लगाते हुए हंगामा किया और स्टाफ के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। जिला पंचायत सदस्य प्रतिनिधि ने लोगों को समझा बुझाकर शांत कराया। नवजात स्वस्थ है।
थाना क्षेत्र के हंसनापुर निवासी लता (21) को बुधवार तीन बजे प्रसव पीड़ा हुई। परिजन ने उसे एंबुलेंस से सीएचसी लाए, जहां उसे भर्ती किया गया। शाम को ही करीब साढ़े चार बजे सामान्य रूप से बच्चे का जन्म हुआ।
महिला के पति महेंद्र सिंह बंजारा ने आरोप लगाया कि रक्तस्राव होने पर एएनएम ने उससे सुविधा शुल्क के रूप में दो हजार रुपये लेने के बाद देर रात में टांके लगाएं। रात दो बजे हालत बिगड़ने पर रेफर कर दिया। जब तक एंबुलेंस आई, उसकी पत्नी ने दम तोड़ दिया। इस पर परिजनों ने एएनएम पर लापरवाही का आरोप लगाया। इसकी जानकारी मिलने पर पीड़ित पक्ष के रिश्तेदार गांव के लोग भी काफी संख्या में एकत्रित हो गए, जिससे माहौल गरमा गया। सूचना पर जिला पंचायत सदस्य अनुपम यादव के प्रतिनिधि रिपू यादव ने परिजनों को समझाकर किसी प्रकार मामला शांत कराया। पुलिस ने तहसीलदार राजू कुमार की मौजूदगी में शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
उधर, एएनएम का कहना है कि कोई महिला डॉक्टर मौके पर नहीं थी। रक्तस्राव और बीपी लो होने के कारण रेफर किया गया था, लेकिन महिला की मौत हो गई।प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. कुमारिल मैत्रेय का कहना है कि मामले की शिकायत मिली है। जांच की जा रही है। दोषी पाए जाने पर एएनएम के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
सीएचसी में महिला चिकित्सक की कमी
तालग्राम में महिला चिकित्सक की कमी है। यहां पर केवल एक डॉ. स्वाति डेंटिस्ट हैं, जबकि डॉ. सीमा सिंह संविदा पर तैनात है। इमरजेंसी में कोई महिला डॉक्टर अस्पताल में नहीं है। केवल दो एएनएम के भरोसे प्रसव को जिम्मेदारी रहती है।
इनसेट
इससे पहले चार नवजात की मौत हो चुकी है।
अव्यवस्थाओं के चलते 17 नवंबर को मुडांला टिकुरियन निवासी अमित सविता की पत्नी उपासना और इसी दिन जेरकिला निवासी रशीद की पत्नी फरीन के नवजात की मौत हुई थी। इसके बाद कस्बा के चौखटा रोड निवासी लोहपीट समाज के बदन सिंह की पत्नी ने नवजात बेटी को जन्म दिया था, जिसकी मौत हो गई थी। तालाब कला निवासी करू की पत्नी के नवजात की मौत हो चुकी है।