देश भर में किसानों के साथ हो रहे अन्याय व उत्पीड़न के विरोध में भारतीय किसान यूनियन ने बुधवार की दोपहर ग्राम इस्माइलपुर के निकट हाईवे पर चक्का जाम कर दिया। सड़क पर टेंट लगाकर कार्यकर्ता बैठ गए और जमकर नारेबाजी की। करीब एक घंटे के बाद पहुंचे एसडीएम छिबरामऊ को यूनियन के पदाधिकारियों ने प्रधानमंत्री को संबोधित ग्यारह सूत्री मांगपत्र सौंपा और समस्याओं के शीघ्र निराकरण किए जाने की मांग की।
भारतीय किसान यूनियन के जिलाध्यक्ष शमीम सिद्दीकी व जिला प्रवक्ता रामकुमार दुबे के नेतृत्व में आए किसानों ने ग्राम इस्माइलपुर के निकट हाईवे पर जाम लगा दिया। तेज धूप से बचने के लिए किसानों ने हाईवे पर ही टेंट लगा दिया, जिससे जाम लग गया। इस दौरान जिलाध्यक्ष ने कहा कि कृषि आयोग का गठन किया जाए और स्वामीनाथन रिपोर्ट को लागू किया जाए। किसानों की लागत मूल्य के हिसाब से फसल पर पचास फीसदी मुनाफा दिया जाए। मध्य प्रदेश के मंदसौर में हुई गोलीकांड की घटना की जांच सीबीआई से कराई जाए। इसके अलावा मध्य प्रदेश सरकार बर्खास्त हो। किसानों का संपूर्ण कर्जा माफ करे। आलू पर आधारित उद्योग लगाए जाने और आलू निर्यात नीति घोषित करने की मांग की।
जिला प्रवक्ता रामकुमार दुबे ने कहा कि कोल्ड स्टोरेज भाड़े में कोल्ड मालिकों की मनमानी पर रोक लगाई जाए और जिलाधिकारी द्वारा निर्धारित किए गए भाड़े को सख्ती से लागू कराया जाए। आत्महत्या से मरने वाले किसानों को प्रदेश सरकार पचास लाख रुपये मुआवजा दे। 60 वर्ष से अधिक उम्र के किसानों को पेंशन दिए जाने की व्यवस्था की जाए। पुलिस, लेखपाल, बिजली विभाग और बैंक के अधिकारियों द्वारा किसानों पर किए जा रहे उत्पीड़न पर रोक लगाई जाए। कहा कि जिले में नाली, चरागाह से अवैध कब्जे हटाए जाए।
एसडीएम छिबरामऊ रामदास को ग्यारह सूत्री मांगपत्र सौंपा गया। एसडीएम के आश्वासन के बाद किसानों ने जाम खोल दिया। इस दौरान किसान यूनियन के जिला उपाध्यक्ष जावेद हुसैन, प्रदेश सचिव देवेश सिंह यादव, जिला उपाध्यक्ष सुधाकर दुबे, सुरेश यादव, वीरबहादुर, श्रीपाल यादव आदि दर्जनों कार्यकर्ता व महिलाएं मौजूद रही। सुरक्षा की दृष्टि से सीओ तिर्वा अंबरीष भदौरिया, सीओ छिबरामऊ सोमेंद्र कुमार नेगी, गुरसहायगंज कोतवाल अमरपाल सिंह, तिर्वा कोतवाल आलोक सिंह यादव, थानाध्यक्ष विशुनगढ़ रवींद्र सिंह यादव, थानाध्यक्ष इंदरगढ़ अमित कुमार मान के अलावा भारी पीएसी बल भी मौजूद रहा।