छिबरामऊ(कन्नौज)। दोषपूर्ण चकबंदी प्रक्रिया को निरस्त कराने की मांग को लेकर तहसील परिसर में चल रहा भगवंतपुर के किसानों का आंदोलन 27 वें दिन भी जारी रहा। वहीं पांच दिन से भूख हड़ताल पर बैठे भाकियू (किसान) जिलाध्यक्ष राजा शुक्ला की हालत बिगड़ने लगी। शुक्रवार को किसान नेताओं ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए एसडीएम को ज्ञापन सौंपा।
भाकियू जिलाध्यक्ष राजा शुक्ला, संघर्ष समिति के अध्यक्ष गौरव यादव एडवोकेट व किसान अनार सिंह पाल आमरण अनशन पर हैं। इनमें जिलाध्यक्ष राजा शुक्ला की पांचवें दिन हालत बिगड़नी शुरू हो गई। स्वास्थ्य विभाग की टीम ने आंदोलनकारियों का स्वास्थ्य परीक्षण किया। पूर्व सांसद प्रो. रामबख्श सिंह वर्मा ने किसानों के समर्थन में तीसरे दिन भी क्रमिक अनशन किया। संघर्ष समिति के अध्यक्ष गौरव यादव एडवोकेट ने कहा कि आंदोलन के 27 दिन बाद भी प्रशासन ने आंदोलनकारियों की सुधि नहीं ली। जांच में चकबंदी प्रक्रिया में तमाम खामियों के बाद भी अभी तक निरस्तीकरण नहीं हुआ। शुक्रवार सुबह किसान नेताओं ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी करते हुए एसडीएम देवेश गुप्त को ज्ञापन सौंपा।
प्रदर्शन के दौरान दिनेश मिश्रा, राजीव सिंह, प्रेम चतुर्वेदी, शुभम त्रिपाठी, ओमप्रकाश शुक्ला (अज्ञात), सतीश चतुर्वेदी एडवोकेट, शिशुपाल सिंह बाथम, रामऔतार, भगवानदास, बलराम सिंह, सरस्वती देवी, गुड्डी, कलावती देवी, सरला देवी, राधा देवी, सुशीला देवी, सुदामा देवी, विमला देवी, रामसुमिरनी आदि रहीं।