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झूठी गवाही पर तीन के खिलाफ दर्ज होगी रिपोर्ट

Sat, 17 Nov 2012 12:00 PM IST
Kannauj
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कन्नौज। दहेज हत्या के मुकदमे की सुनवाई के दौरान वादकारियों द्वारा बयान से मुकरने पर कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। कोर्ट ने मृतका के पिता सहित तीन के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज किए जाने का आदेश दिया है।
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अभियोजन पक्ष के अनुसार चौबेपुर जनपद कानपुर नगर निवासी रामचंद्र ने सदर कोतवाली में अतिरिक्त दहेज की मांग पूरी न होने पर पुत्री के ससुराली जनों द्वारा उसकी हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। इसमें रामचंद्र ने हवाला दिया था कि उसने अपनी पुत्री सपना की शादी 17 जून 2011 को सदर कोतवाली के गांव मानपुर निवासी मानसिंह पुत्र छेदीलाल के साथ की थी। सामर्थ्य के अनुसार दहेज भी दिया था। इसके बावजूद ससुराल वाले 1 लाख रुपए की अतिरिक्त दहेज की मांग को लेकर उसकी पुत्री को आए दिन प्रताड़ित करते थे। 20 अगस्त 2011 को उसे सूचना मिली कि उसकी पुत्री की हत्या कर दी गयी। इस पर वह गांव मानपुर पहुंचा तो पुत्री के ससुरालीजन गायब थे। इस पर उसने सदर कोतवाली में मृतका के पति मानसिंह, ससुर छेदीलाल व सास विमला देवी के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई। तत्कालीन सीओ सदर शिवप्रकाश मिश्रा ने मामले की विवेचना कर न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया। न्यायालय में सुनवाई के दौरान वादी व गवाह विवेचक को दिए अपने बयान से मुकर गए।
शुक्रवार को जिला जज देवेंद्र कुमार तिवारी ने आरोपियों को संदेह का लाभ देकर बरी कर दिया। वहीं अपने पूर्व के बयान से मुकर जाने और झूठी रिपोर्ट दर्ज कराने का दोषी मानते हुए वादी रामचंद्र व गवाह मृतका की मां सावित्री व भाई रामजी और श्यामजी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करने का आदेश दिया। अभियोजन पक्ष की ओर से पैरवी शासकीय अधिवक्ता मो. सालिम व नवीन कुमार दुबे ने की।
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