झांसी। पूंछ थाना इलाके में एक महिला ने लाठी से पीट-पीटकर पति की हत्या कर दी। पुलिस ने महिला के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया है। घटना के संबंध में उससे पूछताछ जारी है। वहीं घटना से क्षेत्र में सनसनी है। जबकि, परिवार में कोहराम मचा हुआ है।
पूंछ के ग्राम बाबई निवासी बृजलाल अहिरवार मैनपुरी जिले में सरकारी विद्यालय में शिक्षक हैं। उनकी पत्नी की आठ साल पहले मौत हो गई थी। वे मैनपुरी में अकेले रहते हैं। जबकि, उनके दो पुत्र अपने-अपने परिवार के साथ गांव में एक ही मकान में रहते हैं। बड़े बेटे पुष्पेंद्र अहिरवार (27) की शादी सात साल पहले जालौन जिले के मरगाय निवासी रमाकांति से हुई थी। कुछ साल पहले पुष्पेंद्र को शराब पीने की लत लग गइ। इसे लेकर पति-पत्नी के बीच आए दिन झगड़ा होता रहता था। बुधवार रात तकरीबन आठ बजे पुष्पेंद्र शराब पीकर घर आया। इसी दरम्यान उसका पत्नी से झगड़ा होने लगा। गुस्से में पत्नी ने कमरे की अंदर से कुंडी लगा ली और पुष्पेंद्र पर लाठी से ताबड़तोड़ हमला शुरू कर दिया। घटना के समय पुष्पेंद्र का छोटा भाई राघवेंद्र गांव गया हुआ था। घर पर उसकी पत्नी ऋतु अकेली थी। ऋतु ने दरवाजा खोलने के लिए कहा, लेकिन उसकी सुनी नहीं गई। सूचना पाकर छोटा भाई और आसपास के लोग घर पहुंच गए। तकरीबन दस मिनट बाद कमरे का दरवाजा खुला तो पुष्पेंद्र गंभीर रूप से घायलावस्था में पड़ा मिला। परिजन उसे महारानी लक्ष्मीबाई मेडिकल कॉलेज लेकर भागे। यहां इलाज के दौरान बृहस्पतिवार सुबह उसकी मौत हो गई। भाई राघवेंद्र की तहरीर पर पुलिस ने रमाकांति के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे हिरासत में ले लिया है। बता दें कि पुष्पेंद्र बीएड की पढ़ाई कर रहा था। जबकि, उसकी पत्नी रमाकांति बीए पास है। उनके चार साल की एक बेटी काव्या है। पुष्पेंद्र की तीन बहनें हैं, जिनकी शादी हो चुकी है। घटना से परिवार में कोहराम मचा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।
पहले गुस्सा और बाद में पछतावा
झांसी। गांव वालों के पहुंचने पर रमाकांति ने कमरे का दरवाजा आसानी से नहीं खोला। गांव वालों द्वारा कसम दिलाए जाने के बाद उसने दरवाजा खोला। दरवाजा खोलने के बाद वो घायल पति को उठाने नहीं दे रही थी। गांव वालों ने किसी तरह उसे समझाया और पुष्पेंद्र को मेडिकल लेकर आए। वहीं, पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने के बाद आरोपी पत्नी थाने में बैठकर फूट-फूटकर रोती रही। उसे अपने किए पर पछतावा हो रहा था।