झांसी। शिक्षक पुत्र मोहित मिश्रा की हत्या के बाद से परिवार के सदस्य गहरे सदमे में हैं। उसकी मां रेनू एवं बूढ़ी दादी मीरा का रो-रोकर बुरा हाल है। अभी तक उनकेगले से अन्न का एक टुकड़ा भी नीचे नहीं उतरा। घर पर सांत्वना देने पहुंचने वालों को देखते ही मां रेनू फूट-फूटकर रोने लगती हैं। हर आने वाले से उसके लड़के को मारने वाले के बारे में पूछती हैं। बिलखते हुए कहती हैं कि मेरे बेटे ने उसका क्या बिगाड़ा था, जो उसने मेरी दुनिया उजाड़ दी।
नारियल बाजार की गली में रहने वाले मिश्रा परिवार को शनिवार का दिन गहरा जख्म दे गया। पाल कॉलोनी स्थित सुशीला देवी मेमोरियल पब्लिक स्कूल के प्रधानाचार्य अनिल मिश्रा का इकलौता बेटा मोहित (28) एक प्राइवेट कंपनी में काम करता था। शनिवार शाम करीब छह बजे ऑफिस का काम निपटाकर वह घर लौटा। मां उसके लिए चाय बनाने चली गई लेकिन, इसी बीच उसके दोस्त का फोन आ गया। मोहित बस पांच मिनट में लौटकर आने की बात कहकर निकल गया। मां रीना का कहना है उसके बाद वह अपने बेटे को नहीं देख सकी। पिता अनिल भी उसके बारे में बात करते-करते रोने लगते हैं। उस दिन को याद करते हुए बताते हैं कि सुबह सिर्फ एक नजर ही अपने बेटे को देख सके थे। उसके बाद अस्पताल में बेटे का बेजान शरीर दिखाई पड़ा। हाथ से जवान बेटा चला गया। पिता का कहना है कि हत्यारे के परिजनों के रसूख की वजह से पुलिस भी डर गई। वह आरोपी को पकड़ने से कतरा रही है। बहन अंतिका भाई की याद में बीमार पड़ चुकी लेकिन, किसी तरह मां और दादी को संभाल रही है। आस-पड़ोस के लोग इस हत्याकांड से स्तब्ध हैं। उनका कहना है कि मिश्रा परिवार बेहद सामान्य एवं सीधा परिवार है। अध्यापक होने के नाते पिता अनिल की आसपास प्रतिष्ठा है लेकिन, एक सिरफिरे युवक ने पूरे परिवार की खुशियां एक पल में तहस-नहस कर डाली।
पुलिस को जमकर छका रहा हत्यारोपी
जीवन शाह तिराहा पर मोहित मिश्रा की गोली मारकर हत्या करने के बाद आरोपी विनय नायक वहां से निकल भागा। वहां लगे सीसीटीवी कैमरे में पूरी घटना कैद है। उसकी मदद से आरोपी की शिनाख्त हो गई लेकिन, पुलिस आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर पा रही है। आरोपी पुलिस को जमकर छका रहा है। पुलिस सिर्फ मोबाइल नंबर के आधार पर ही आरोपी को ट्रेस करने की कोशिश कर रही है। पुलिस ने अभी तक आरोपी के बैंक डिटेल्स तक नहीं खंगाले जबकि फरार होने के बाद उसने पैसे निकालने के लिए एटीएम मशीन का भी इस्तेमाल किया होगा। आरोपी की मिनर्वा चौराहे के पास दवा की दुकान है लेकिन, यह दुकान भी खुली हुई है। हत्यारोपी के परिवार के लोगों से भी पुलिस पूछताछ करने में हिचक रही है। बताया जा रहा कि आरोपी की ओर से कोर्ट में सरेंडर अर्जी डाली गई है। उसे सीधे कोर्ट में सरेंडर कराने की तैयारी है। ऐसा होने पर पुलिस की फजीहत होना तय है।
परिजनों ने डीआईजी से लगाई गुहार लगाई
मोहित के परिजनों ने डीआईजी जोगेंद्र कुमार से गुहार लगाते हुए हत्यारोपी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। परिजनों ने डीआईजी को बताया कि पूरी घटना सीसीटीवी में कैद है लेकिन, आरोपी नहीं पकड़ा गया। उनका कहना है आरोपी के परिजन रसूखदार हैं। इस वजह से वह गिरफ्तारी करने से बच रही है। घटना के चश्मदीद गवाह को भी आरोपियों की ओर से धमकाया जा रहा है। उनके घर पर भी समझौता करने का दबाव बनाने के लिए लोग आ रहे हैं। परिजनों ने आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की। डीआईजी ने उनको कार्रवाई का भरोसा दिलाया है।