झांसी। कर्ज से परेशान रेडीमेड कपड़ा व्यापारी ने रविवार सुबह पत्नी को व्हाट्सअप पर मैसेज भेजने के बाद झांसी- मऊरानीपुर मार्ग पर स्थित नोटघाट पुल से बेतवा नदी में छलांग लगा दी। जानकारी होने पर पुलिस ने गोताखोरों की मदद से उसकी दिनभर तलाश की, लेकिन पता नहीं चल सका।
दतिया के ज्योति नगर सिंधी कॉलोनी निवासी जय सचदेव (42) आठ साल पहले झांसी में आकर बस गए। वह वर्तमान में मिशन कंपाउंड में एक किराए के मकान में रह रहे हैं। साथ में पत्नी, तेरह साल का बेटा मयंक व दस साल की बेटी कनिका रहती है। उन्होंने बड़ा बाजार स्थित न्यू मार्केट में ज्योति शर्ट्स के नाम से दुकान खोल रखी है, जिसमें वह रेडीमेड कपड़े बेचते हैैं। रविवार की सुबह नौ बजे वह घर से अपनी मोपेड से नोटघाट पुल पर पहुंचे। यहां से उन्होंने पत्नी को व्हाट्सएप करके बताया कि वह कर्ज से परेशान हैं। इसके बाद मोबाइल बंद हो गया। परिजनों ने संदेश पढ़ा तो वे परेशान हो गए। पत्नी ने इस बात की जानकारी दतिया में रहने वाले देवर विनोद सचदेव व अन्य को दी। सूचना पर परिजन दतिया से झांसी आ गए। पुलिस को सूचित किया गया। पुलिस ने मोबाइल लोकेशन का पता किया तो वह नोटघाट व प्रतापपुरा के आसपास की आ रही थी। पुलिस व परिजन नोटघाट पुल पर पहुंच गए। यहां एक युवक ने बताया कि उसने एक व्यक्ति को पानी में छलांग लगाते देखा है। इस बीच बरुआसागर व ओरछा क्षेत्र की नाराई चौकी पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। बाद में गोताखोरों को मौके पर बुलाया गया। दिन भर गोताखोर उनकी पानी में तलाश करते रहे। देर रात तक उनका कोई पता नहीं चल सका था।