उत्तर प्रदेश के झांसी जिले में दर्दनाक हादसा हुआ है। झांसी-कानपुर हाईवे पर डीसीएम और कार की भीषण टक्कर हो गई। टक्कर के बाद दोनों वाहनों में आग लग गई। कार सवार में सवार दूल्हे समेत चार लोगों की मौत हो गई।
शनिवार सुबह करीब आठ बज रहे थे। कार में झुलसकर मरे दूल्हे, उसके चार साल के मासूम भतीजे, बड़े भाई समेत चारों के शव पोस्टमार्टम हाउस लाए जा चुके थे। इमरजेंसी गेट पर परिवार के तमाम लोग मौजूद थे। सबसे पीछे पीले रंग की शर्ट पहने हुए एक व्यक्ति जमीन पर बैठा था।
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अचानक उसके मोबाइल फोन की घंटी बजी। कॉल रिसीव करते ही दूसरी ओर से किसी ने कुछ पूछा। यह सुनकर वह व्यक्ति कांपती आवाज में बोला कि कछू नईं बचो...सबईं बर्बाद हो गओ। यह कहते-कहते वह फूट-फूटकर बिलखने लगा।
आसपास मौजूद लोगों ने किसी तरह उसे ढांढस बंधाकर शांत किया। फोन पर बात करते हुए बिलखने वाला यह व्यक्ति दूल्हे का पिता संतोष था। उसकी आंखों के सामने देखते-देखते उसका पूरा परिवार उजड़ गया। दो जवान बेटे समेत पोते की लाश उसके सामने रखी थी। संतोष के परिवार में दो बेटों के अलावा दो बेटियां आरती और काजल हैं।
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उनकी वह शादी कर चुका है। बड़े बेटे आशीष के परिवार में पत्नी अर्चना समेत छह साल की बेटी स्माइली और चार साल का बेटा मयंक था। हादसे में मयंक की मौत हो गई। हादसे की खबर कुछ ही देर में परिवार तक पहुंच गई थी। खबर लगते ही परिवार में कोहराम मच गया। आशीष की पत्नी अर्चना, मां विमलेश का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।
नींद की झपकी या शराब का नशा डीसीएम चालक को तलाश रही पुलिस
जिस डीसीएम से हादसा हुआ वह सिद्धार्थनगर में पंजीकृत है। डीसीएम कानपुर से झांसी की ओर आ रही थी। दूल्हे की बहन काजल का कहना है कि पारीछा से पहले ही डीसीएम उनकी कार के पीछे चल रही थी। डीसीएम चालक खराब तरीके से वाहन चला रहा था। कई बार बिल्कुल बराबर में आकर डीसीएम चालक ने ब्रेक लगाया। डीसीएम चालक की हरकतें देखकर भाई आशीष ने मेरे पति राहुल को फोन लगाकर यह बात बताई।
राहुल ने कार को रोककर डीसीएम को आगे निकल जाने देने की बात कही, लेकिन कुछ देर बाद ही डीसीएम ने कार में टक्कर मार दी। राहुल का कहना है कि डीसीएम चालक शराब के नशे में गाड़ी चला रहा था। राहुल ने जान बूझकर टक्कर मारने का आरोप लगाया।
वहीं, पुलिस का मानना है चालक शराब के नशे में था, या फिर उसे नींद आ गई। हादसे के बाद चालक वह फरार हो गया। एसपी सिटी ज्ञानेंद्र सिंह का कहना है कि पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है। आरोपी चालक का पता लगाया जा रहा है।
रस्म पूरी करने की वजह से बरात निकलने में हुई देरी
गांव करके की बिलायटी निवासी 23 वर्षीय आकाश की बरात में गांव से सात कार गई थीं। पांच कारें रात दस बजे तक गांव करके की बिलायटी से 70 किलोमीटर दूर दूल्हन के गांव छपरा में पहुंच गई थीं। दूल्हे की कार समेत दो कारें रात दस बजकर 40 मिनट पर गांव से रवाना हुईं। बताया जाता है कि बरात निकलने में करीब तीन घंटे की देरी हुई। रस्म निभाने के लिए मंदिरों में पूजन-अर्चन करने की वजह से बरात समय पर नहीं निकल सकी। इसके बाद जयमाला खरीदने के लिए दोनों कारें चिरगांव क्षेत्र में रुकीं। यहां भी जयमाला तलाशने में देर हुई।
डीसीएम की टक्कर से कार में लगी आग, दूल्हा समेत चार लोग जिंदा जले
शुक्रवार की देर रात को करीब 12 बजे झांसी-कानपुर हाईवे पर बड़ागांव के पास पारीछा फ्लाई ओवर पर हुए भीषण हादसे में कार सवार दूल्हा, उसका बड़ा भाई, चार साल का मासूम भतीजा और ड्राइवर की जिंदा जलकर मौत हो गई। जबकि कार में अगली सीट पर बैठे दो लोग मामूली रूप से झुलस गए हैं। कार में पीछे से तेज रफ्तार से आ रही डीसीएम ने टक्कर मारी थी। टक्कर लगते ही कार में आग लग गई। पुलिस और दमकल कर्मियों ने कार के दरवाजे तोड़कर चारों शवों को बाहर निकाला। मृतक और झुलसे लोग एरच के गांव करके की बिलायटी के रहने वाले थे। यह लोग बरात लेकर बड़ागांव के छपरा जा रहे थे।