अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। राइज इंक्यूबेशन सेंटर में सालभर में ही 40 से ज्यादा स्टार्टअप को पंख लग गए हैं। सेंटर के जरिये वित्तीय मदद से लेकर स्टार्टअप स्थापित करने में युवाओं को काफी मदद मिल रही है। सेंटर में सोमवार को अमर उजाला की ओर से संवाद कार्यक्रम हुआ। इसमें युवाओं ने अपने स्टार्टअप की खूबियों से लेकर आगे बढ़ने में आ रहीं चुनौतियों तक पर बात की।
स्मार्ट सिटी लिमिटेड ने नगर निगम परिसर में लगभग 20 करोड़ की लागत से इंक्यूबेशन सेंटर बनवाया है। इसका लोकार्पण मार्च 2024 में हुआ था। इस सेंटर ने नवाचार की सोच रखने वाले युवाओं को नया मंच प्रदान किया।
यहां पंजीकृत पैंथर इंफ्रो हब प्राइवेट लिमिटेड के फाउंडर अभय नामदेव ने बताया गया कि उनका स्टार्टअप महिला सुरक्षा पर आधारित है। आकस्मिक स्थिति में इस एप का इस्तेमाल कर सकते हैं। इस एप को वॉइस, मैसेज और एसओएस बटन के जरिये बिना इंटरनेट के भी इस्तेमाल किया जा सकता है। इस एप को खोलने पर 15-15 सेकंड के वीडियो बनकर नजदीकी पुलिस थाने में जाते रहते हैं। आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस की मदद से खतरनाक स्थिति को एप फिल्टर कर पता लगाती है।
सरप्राइजली डॉट कॉम के फाउंडर जितेश वर्मा ने बताया कि उपहार के संबंध में उन्होंने स्टार्टअप शुरू किया है। किसी भी समारोह में जाने के लिए कम समय में लोगों के लिए गिफ्ट के बेहतर विकल्प उपलब्ध कराते हैं। हॉस्टल नियर मी के संचालक आर्यमन मेहरोत्रा एप और वेबसाइट के जरिये विद्यार्थियों को दूसरे शहरों में हॉस्टल ढूंढने में मदद करते हैं।
जादू मेंटर्स के हर्षित सिंह का कहना है कि किसी को भी एक्टर या मॉडल बनने में रुचि है तो वो उस क्षेत्र के जाने-माने लोगों से मार्गदर्शन दिलाने में मदद करते हैं। येलो इंडिया के आकाश ने बताया कि स्थानीय उत्पादों की ऑनलाइन बिक्री करके उपभोक्ताओं तक पहुंचाते हैं। बुंदेली स्प्रिट की रविका खरे ने बताया कि युवा उद्यमियों को अपने पॉडकास्ट के जरिये मंच प्रदान करती हैं। उनकी सफल यात्रा के बारे में लोगों तक जानकारी पहुंचती हैं।
स्टार्ट अप फाउंडर्स ने बताया कि उनके सामने कुछ चुनौतियां भी आ रही हैं। कहीं व्यापक स्तर पर उनके स्टार्टअप का प्रचार-प्रसार न हो पाने तो कहीं ग्राहक या पैसे की कमी आड़े आ रही है। इस दौरान राइज के प्रोजेक्ट मैनेजर अंकित रजक, स्टार्टअप मैनेजर अनिल कुमार, स्टार्टअप कंसल्टेंट प्रियंका जैन, आईटी मैनेजर शिवम यादव, अंशिका श्रीवास्तव आदि मौजूद रहे।
बोले अधिकारी
झांसी के कई स्टार्टअप को राज्य स्तर पर भी पुरस्कृत किया जा चुका है। आगे चलकर स्टार्टअप झांसी समेत बुंदेलखंड में रोजगार सृजन का भी माध्यम बन सकेंगे। - सत्य प्रकाश, सीईओ, राइज इंक्यूबेशन सेंटर
इंक्यूबेशन सेंटर ने युवाओं को स्टार्टअप के जरिये आगे बढ़ने का बेहतर मंच दिया है। जितने भी उद्यमी हैं, वो भी आगे आएं और स्टार्टअप को बढ़ने में मदद करें। - अमित सिंह, निदेशक, राइज इंक्यूबेशन सेंटर