झांसी। वीरांगना की वीर धरा झांसी से शुक्रवार (आज) को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सेना की ताकत बढ़ाएंगे। वे यहां भारतीय वायु सेना को हल्के कॉम्बेट हेलिकॉप्टर, नौसेना को इलेक्ट्रानिक वारफेयर सूट व आर्मी को स्वदेश निर्मित ड्रोन सौंपेंगे। इसके अलावा क्षेत्र के विकास की दृष्टि से भी पीएम का दौरा महत्वपूर्ण साबित होने वाला है। झांसी में वे 3425 करोड़ रुपये के निवेश की आधारशिला रखेंगे।
रानी लक्ष्मीबाई की जयंती के मौके पर सेना की ओर से झांसी में तीन दिवसीय राष्ट्ररक्षा समर्पण पर्व का आयोजन किया गया है। इसके आखिरी दिन शुक्रवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी झांसी आएंगे। उनका ये दौरा सेना की ताकत में इजाफे और क्षेत्र के विकास की दृष्टि से बेहद अहम माना जा रहा है। पीएम यहां रानी के किले की तलहटी में स्थित मैदान में आयोजित कार्यक्रम में मेड इन इंडिया मुहिम के तहत हल्का स्वदेश निर्मित लड़ाकू हेलीकॉप्टर वायुसेना को सौंपेंगे। 40 हेलिकॉप्टर का बेड़ा वायुसेना में शामिल होगा। इस हेलीकॉप्टर को हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड ने विकसित किया है। यह दुनिया का एकमात्र हेलीकॉप्टर है, जो हथियारों और तेल के वजन के साथ 5000 मीटर की ऊंचाई पर उड़ सकता है। इसके साथ पीएम नौसेना को डीआरडीओ द्वारा विकसित इलेक्ट्रानिक वारफेयर सूट देंगे। इसे आईएनएस विक्रांत व अन्य आधुनिक युद्धपोतों पर लैस किया जाएगा। इससे नौसेना की ताकत में इजाफा होगा। साथ ही सेना को देश में बने ड्रोन भी सौंपे जाएंगे।
इसके अलावा प्रधानमंत्री झांसी में डिफेंस कॉरिडोर के पहले प्रोजेक्ट की आधारशिला भी रखेंगे। 400 करोड़ के निवेश से भारत डायनामिक्स लिमिटेड यहां यूनिट स्थापित करेगी, जिसमें टैंक रोधी मिसाइलें बनाई जाएंगी। इससे पांच हजार लोगों को रोजगार मिलने की संभावना जताई जा रही है। वहीं, 600 मेगावाट के अल्ट्रा मेगा सोलर पार्क की भी पीएम नींव रखेंगे। इसमें 3014 करोड़ रुपये का निवेश होगा। वहीं, झांसी महानगर में ग्यारह करोड़ रुपये की लागत से नवनिर्मित अटल एकता पार्क का भी लोकार्पण करेंगे।