झांसी। सिंचाई विभाग मेें मृतक आश्रित कोटे से भर्ती बीस लिपिकों के नियमितीकरण के लिए बुधवार को टाइप टेस्ट होगा। तमाम गड़बड़ियों के आरोपों के चलते यह टेस्ट खासा विवादित हो चुका। टेस्ट आयोजित कराने को लेकर भी सिंचाई अफसर आमने-सामने आ चुके हैं हालांकि इन सबके बावजूद यह टेस्ट टाला नहीं गया।
चतुर्थ मंडल में मृतक आश्रित कोटा के अंतर्गत नौकरी पाने वाले बीस कर्मचारियों को नियमित करने में पेंच फंसा है। शासनादेश के मुताबिक इन कर्मचारियों का दो वर्ष के भीतर टेस्ट कराना अनिवार्य है। उत्तीर्ण न होने वाले कर्मचारियों को नौकरी से हटाने का प्रावधान है लेकिन, दस साल से यह परीक्षा ही नहीं हुई। वहीं, दस कर्मचारी ऐसे हैं जिनकी दो साल बाद भी परीक्षा नहीं हुई। सिंचाई अफसरों ने कोरोना काल के बहाने इन दस कर्मचारियों की परीक्षा कराने का रास्ता तो तलाश लिया लेकिन, जिनकी परीक्षा दस साल से नहीं हुई उसकी परीक्षा कराने का रास्ता अफसरों को नहीं सूझ रहा। परीक्षा आयोजित कराने को गठित कमेटी के एक सदस्य ने भी इसी वजह से किनारा कर लिया। अधीक्षण अभियंता संजीव झा का कहना है परीक्षा संबंधी सारी तैयारी कर ली गई। बुधवार को परीक्षा होगी।