झांसी। निविदाओं में पूल बनाने की गड़बड़ी सामने आने के बाद लघु सिंचाई विभाग की अब तालाब गहरीकरण की टेंडर प्रक्रिया भी निरस्त कर दी गई है। जबकि, इससे पहले बीस करोड़ रुपये की लागत से बनाए जाने वाले चेकडैम के टेंडर निरस्त किए जा चुके हैं।
लघु सिंचाई विभाग द्वारा 20 करोड़ से चेकडैम के साथ ही लगभग दस करोड़ रुपये की लागत से 40 तालाबों का गहरीकरण किया जाना है। इसके लिए ऑनलाइन निविदाएं मांगी गईं थीं। 21 नवंबर से निविदाएं डलना शुरू हुईं थीं। 26 नवंबर को चेकडैम की निविदाएं लॉक कर दी गईं थीं। जबकि, 27 नवंबर को तालाब गहरीकरण के कामों की निविदाएं लॉक की जानी थीं, लेकिन आनन-फानन में ये तिथि बढ़ाकर दो दिसंबर कर दी गई थी। लेकिन, पूल बनाकर ठेके हासिल करने की गड़बड़ी सामने आने के बाद चेकडैम की निविदाएं निरस्त कर दी गई है। अब तालाब गहरीकरण के कार्यों की निविदा प्रक्रिया भी निरस्त कर दी गई है।
मुख्य विकास अधिकारी निखिल टीकाराम फुंडे ने बताया कि तालाबों की टेंडर प्रक्रिया निरस्त विभाग ने कर दी हैं। पूरे मामले की जांच जारी है। इसमें लिप्त लोगों के खिलाफ कार्रवाई होगी।