झांसी। मतदान का दिन करीब आने पर जिला पंचायत की सीटों पर गहमागहमी तेज हो गई। पार्टी पदाधिकारियोें ने अधिक से अधिक सीटें जीतने के लिए कार्यकर्ताओं की फौज ग्रामीण इलाकों में उतार दी है। पार्टी कार्यकर्ताओं की कई टीमें बना दी गई हैं। प्रत्येक सीट पर पार्टी उम्मीदवार ने पांच से अधिक टीमें उतारी हैं। उम्मीदवारों की कोशिश है कि मतदान से पहले हर घर में दस्तक दे दी जाए। पार्टी पदाधिकारी अध्यक्ष की सीट जीतने के लिए रणनीति तय करने में जुटे हैं।
सिमरधा
महिला
मतदाता - 44618
उम्मीदवारों की संख्या- 14
उम्मीदवारों के नाम - अर्चना देवी (बसपा), आरती, ऊषा देवी, गीता (सपा), प्रभा देवी, मेवा देवी, रचना सिंह, रजनी, रामकुमारी, रुचि, रूबीना बानो, रेखा (भाजपा), सरस्वती देवी, सरोज कुमार
सिमरधा की पहचान स्वतंत्रता सेनानियों के गांव के तौर पर होती है। इस सीट पर अगड़ों के साथ- साथ पिछड़े वर्ग के मतदाताओं की अहम भूमिका है। अब तक यह सीट सपा के वर्चस्व वाली मानी जाती रही है लेकिन, भाजपा ने अगड़े वर्ग के उम्मीदवार पर दांव लगाकर लड़ाई को रोचक बना दिया। बसपा उम्मीदवार ने अंतिम समय में मतदाताओं में पकड़ बनाने के लिए पूरा जोर लगाया है। इस सीट पर दो निर्दलीय भी दमखम के साथ चुनावी मैदान में डटे हैं।
मारकुआं
पिछड़ा वर्ग की स्त्री
मतदाता - 44658
उम्मीदवारों की संख्या - 12
उम्मीदवारों के नाम - अर्चना, उमा रानी, नेहा, मीरा देवी, रामदुलारी, राम देवी, रिंकी, रीता देवी (भाजपा), रेखा देवी, रंजना (बसपा), वसंती देवी, सुदामा देवी
लोध, पटेल और पाल बिरादरी इस सीट पर निर्णायक भूमिका निभाते आए हैं। बसपा ने जातिगत वोट तथा पार्टी के वोट के फार्मूला के आधार पर राजपूत बिरादरी की नेता को मैदान में उतारकर बढ़त लेने की कोशिश की है। भाजपा अपने परंपरागत मतदाताओं को सहारे मैदान में है। इस कारण चुनावी मुकाबला कड़ा है। भाजपा एवं सपा ने कार्यकर्ताओं की भारी फौज चुनावी मैदान में उतार रखी है। बसपा भी बढ़त बनाने के लिए पूरी ताकत से चुनाव मैदान में है। यहां मुकाबला बेहद दिलचस्प है।
भस्नेह
महिला
मतदाता - 45043
उम्मीदवारों की संख्या - 16
उम्मीदवारों के नाम - अखिलेश कुमारी, उर्मिला देवी, ओमवती, अंजना देवी (बसपा), कमला देवी, कस्तूरी देवी, गिरजा देवी, गीता रानी, जयकुमारी, दीक्षा यादव, नीरु त्रिपाठी (भाजपा), प्रतिभा, रेखा देवी, शोभा द्विवेदी, सावित्री, सोनम पटेल (सपा)
पटेल एवं अनुसूचित जाति के मतदाताओं के रुख पर ही यहां से उम्मीदवार विजयी होते रहे हैं। सामान्य महिला के खाते में सीट होने की वजह से भाजपा ने अगड़े उम्मीदवार पर दांव खेला है। सपा ने पिछड़े वर्ग की पटेल बिरादरी को साधने के लिए इस समुदाय से उम्मीदवार उतारा है। भाजपा के सामने परंपरागत वोटरों को बिखरने से बचाने की चुनौती है। बसपा उम्मीदवार एवं दो बागी उम्मीदवारों ने चुनावी लड़ाई को बहुकोणीय बना दिया है।
ककरबई
महिला
मतदाता - 36283
उम्मीदवारों की संख्या 9
उम्मीदवारों के नाम - अंशू, जयदेवी, बृजेश कुमारी, मालती देवी, लुधनी वाली (भाजपा), विनीता देव सिंह, विनीता वीरेंद्र सिंह, विमला देवी (सपा), सुशीला देवी (बसपा)
हमीरपुर बार्डर पर पड़ने की वजह से यहां के चुनावी समीकरण दूसरी सीटों से काफी अलग हैं। सीट पर नौ महिला उम्मीदवार मैदान में हैं लेकिन, सभी की कोशिश पिछड़ा वर्ग के वोटरों को साधने की है। पाल, धनकर एवं पटेल समाज के वोट यहां चुनाव की दिशा तय करेंगे। यहां दो उम्मीदवारों के बीच तगड़ी लड़ाई हो रही है।
कुरैठा
सामान्य
मतदाता- 39856
उम्मीदवारों की संख्या - 10
उम्मीदवारों के नाम - अखिलेश देवी, अर्जुन सिंह, जागेश्वर पाल, जितेंद्र कुमार, दीपेंद्र सिंह, नृपेंद्र (सपा), महेंद्र, मुकीन खान, रमाकांत (भाजपा), राजवीर सिंह (बसपा)
इस सीट पर क्षत्रियों की संख्या अच्छी - खासी है। भाजपा यहां परंपरागत वोटरों के सहारे मैदान में है लेकिन, सपा ने नृपेंद्र सिंह को मैदान में उतारकर मुकाबला रोचक बना दिया है। बसपा ठाकुर मतों में राजबीर सिंह के सहारे सेंध लगाने की कोशिश मेें है। पार्टी को ठाकुर मतों के साथ अपने कॉडर वोटों पर भरोसा है। कुल मिलाकर यहां त्रिकोणीय संघर्ष दिखाई पड़ रहा है। इन तीनों में लॉटरी किसके हाथ आएगी, यह दो मई को ही मालूम चल सकेगा।
बिलाटीकरके
अनुसूचित जाति
मतदाता - 37802
उम्मीदवारोें की संख्या- 11
उम्मीदवारों के नाम - अखंड प्रताप (भाजपा), अजय सिंह, कमला देवी, तुलसी राम, देवेंद्र कुमार, मुन्नालाल (बसपा), राजेंद्र (सपा), राकेश कुमार, रानी देवी, रामप्रसाद, हीरा देवी
जनपद की यादव बाहुल्य सीट में यहां की गिनती होती है। कुछ नेता इसे सुरक्षित मानते हैं, इसलिए यहीं से चुनाव लड़ना पंसद करते हैं लेकिन, आरक्षण चक्र में यह सीट इस बार अनुसूचित जाति के लिए आरक्षित हो गई। इस सीट पर भाजपा और सपा उम्मीदवारों ने अपनी पूरी ताकत झोंक रखी है वहीं, बसपा के मुन्नालाल लड़ाई को त्रिकोणीय बनाने की कोशिश में जुटे हैं।