झांसी। हादसे में जान गंवाने वाला अनिल पोस्टमार्टम हाउस में रोते-रोते कई बार बेसुध हो गया। बार-बार वो एक ही बात दोहरा रहा था कि हे भगवान! ये क्या हो गया। मेरा तो पूरा परिवार उजड़ गया है। कभी मां तो कभी पत्नी, बच्ची का नाम लेकर वह फूट-फूटकर रोने लगता।
पंडोखर निवासी अनिल ने बताया कि हादसे में उसकी मां मुन्नीदेवी, पत्नी पूजा और बेटी की मौत हुई है। एक साथ इतने परिजनों की मौतों ने उसे पूरी तरह तोड़कर रख दिया। परिजनों के शवों को देखकर अनिल और उसके रिश्तेदारों में चीत्कार मच गई। बार-बार वह बेसुध हो गया। शवों से लिपटकर रोने लगा। उसकी हालत बिगड़ते देखकर परिजनों पोस्टमार्टम हाउस से बाहर लेकर आते मगर वो फिर से अंदर चला जाता। बार-बार एक ही बात दोहराता कि हे भगवान! ये क्या हो गया है। एक हादसे में पूरा परिवार खत्म हो गया। वहीं, परिजन भी कहते रहे कि सब कुछ तो ठीक चल रहा था, फिर पता नहीं अचानक किसकी नजर लग गई।
.एक साथ इतनी मौतें पहली बार देखीं
पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे पुलिस कर्मचारियों को भी बेहद मायूस दिखे। पुलिस कर्मी ये कहते नजर आए कि एक साथ इतनी मौतें तो पहली बार देखी हैं। एक हादसे ने चंद मिनटों ने परिवार की खुशियां तबाह कर दी हैं।