महोबा में सिलेंडर फटने से झुलसीं महिलाओं में दो की बृहस्पतिवार को मौत हो गई। इस घटना में दुल्हन समेत सात महिलाएं झुलस गईं थीं। इनमें चार महिलाओं की पहले ही मौत हो चुकी। वहीं, दुल्हन की मां कौशल्या की गंभीर हालत को देखते हुए उसे दिल्ली के लिए रेफर कर दिया गया है।
मेडिकल कालेज में गुरुवार को दुल्हन अंजली की चाची सुशीला एवं सुखरतन की उपचार के सातवें दिन मौत हो गई। महोबा के थाना खन्ना के सिरसी कला गांव निवासी मुन्ना लाल की पुत्री अंजली (19) का विवाह 9 फरवरी को गरौठा के प्रवेश श्रीवास के साथ हुआ था। कुछ दिन ससुराल रहने के बाद अंजली पिछले दिनों अपने मायके सिरसी कला लौट आई। 17 फरवरी को दोबारा ससुराल (गरौठा) के लिए उसकी विदाई हो रही थी। घर में दावत रखी गई थी। इसमें बड़ी संख्या में रिश्तेदार मौजूद थे। रस्मों के बाद खाना बनना शुरू हुआ। खाना बनाने के लिए एक छोटा सिलेंडर इस्तेमाल किया जा रहा था। इसी दौरान वह सिलेंडर फट गया।
इसके फटने से दुल्हन अंजली, मां कौशल्या, चाची सुधा, प्रेमा, सुशीला,सुखरतन एवं दादी जमनिया गंभीर रूप से झुलस गईं। इन सभी को मेडिकल कालेज में भर्ती कराया गया था। यहां उपचार के दौरान सोमवार को जमनिया (70) की मौत हो गई थी। मंगलवार, दोपहर दुल्हन अंजली एवं उसकी चाची सुधा (28) पत्नी रामकुमार एवं प्रेमा (35) की भी मौत हो गई थी। अस्पताल में मां कौशल्या, सुशीला एवं सुखरतन भर्ती थीं। इनमें से सुशीला एवं सुखरतन की भी मौत हो गई। कौशल्या की नाजुक हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उसे दिल्ली रिफर कर दिया गया है।