महरौनी में कुदरत के कहर से किसानों की फसलें पहले ही बर्बाद हो रही थी कि इसका सदमा भी अन्नदाता सहन नहीं कर पा रहा है। सोमवार की सुबह गांव वालों ने देखा कि खेत में किसी व्यक्ति का शव पड़ा हुआ है। और जब पास जाकर देखा तो पता चला कि यह सुखसिंह पुत्र शिवलाल पटेल उम्र 32 बर्ष निवासी ग्राम चौकी है।
सुख सिंह रविवार को दिन में अपने खेत में गेहूं की फसल में भरे पानी को निकालने आया था। तत्काल महरौनी कोतवाली पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को अपने कब्जे में लेकर पंचनामा भर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
बुंदेलखंड के कई गांव इस समय प्राकृतिक आपदा झेल रहे हैं, किसानों की मेहनत और लागत पर चंद मिनटों में पानी फिर गया है। ओलावृष्टि से झांसी, ललितपुर के डेढ़ सौ से अधिक गांवों में रबी की फसल बुरी तरह से बर्बाद हो गई। इससे किसानों में हाहाकार की स्थिति पैदा हो गई। उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि अब वो क्या करें।
वहीं दूसरी ओर ललितपुर में बारिश की वजह से एक मकान ढह गया, जिसमें चार लोग घायल हो गए और एक की मौत हो गई। दैवी आपदा से किसानों को हुए नुकसान का प्रशासन ने आकलन शुरू कर दिया है। सभी तहसीलों से रिपोर्ट मांगी गई है।