प्रेमनगर के ईसाई टोला निवासी मनोज माहौर (38) पुत्र किशनलाल मजदूरी करता था। उनके चचेरे भाई नरेश माहौर ने बताया कि मनोज जितना पैसा मजदूरी में कमाता था वह शराब पीने में उड़ा देता था। पत्नी उसे शराब पीने से रोकती थी।
पड़ोसी मनमोहन शाक्य ने बताया कि रविवार रात को मनोज और पत्नी बबीता के बीच झगड़ा हो रहा था। मनोज शराब पिए था और पत्नी झगड़ा कर रहा था। शोरगुल सुनकर पड़ोसी भी मौके पर पहुंच गए और मनोज को समझाया था। इसके बाद सब अपने घर चले गए थे।
रात को मनोज पत्नी और बच्चों के साथ कमरे में सो गया। इसके बाद सोमवार सुबह करीब 3:30 बजे वह कमरे से बाहर आया। उसने निर्माणाधीन मकान के पिलर पर रस्सी से फंदा बनाकर फांसी लगा ली। जब सुबह 4:00 बजे पड़ोसी मनमोहन जगे तो उन्हें पेड़ पर लाश लटकी हुई दिखाई दी।
इसके बाद उन्होंने मनोज के घर वालों को जगाया। सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। मनोज के दो बच्चे 13 साल का नैतिक और 10 साल का वीरू है।