थाना जीआरपी में तैनात एक दरोगा को तीन वर्ष पूर्व सर्विस रिवॉल्वर से खुद को गोली मारकर आत्महत्या करने के प्रयास के मामले में डीआईजी रेलवे ने बर्खास्त कर दिया है। दरोगा के खिलाफ आत्महत्या के प्रयास के मामले में थाना जीआरपी उरई में मुकदमा दर्ज किया गया था। विभागीय जांच में सत्यता पाए जाने पर अब कार्रवाई की गई है।
जीआरपी में तैनात एसआई कानपुर निवासी मोहित द्विवेदी कुछ समय पूूर्व स्थानांतरित होकर ललितपुर आए थे। वर्ष 2018 में किसी वजह से उन्होंने सर्विस रिवॉल्वर से खुद को गोली मारकर आत्महत्या का प्रयास किया था। इस मामले में जीआरपी उरई में दरोगा के खिलाफ धारा 309 के तहत मुकदमा दर्ज किया गया था। मामले की विभागीय जांच चल रही थी। जांच में मामले में सत्यता पाए जाने पर आरोपी दरोगा के खिलाफ कार्रवाई करते हुए डीआईजी रेलवे लखनऊ ने दरोगा की सेवाएं समाप्त करते हुए बर्खास्त कर दिया है। सर्विस बुक में दरोगा का पता ग्राम बरेठी कला थाना चिल्ला जिला बांदा लिखा है।
एसआई मोहित द्विवेदी द्वारा जीआरपी उरई में तैनाती के दौरान किन्हीं कारणों से खुद को गोली मारकर आत्महत्या का प्रयास किया था। इन पर मुकदमा दर्ज करने के बाद विभागीय जांच चल रही थी। जांच पूरी होने पर डीआईजी रेलवे लखनऊ ने एसआई को बर्खास्त कर दिया है। दरोगा किन्हीं कारणों से तनाव में रहता था, इसी के चलते उसने खुदकुशी का प्रयास किया।
- नईम खां मंसूरी, सीओ जीआरपी रेलवे, झांसी।