झांसी। सरकार के प्रवासी मजदूरों को घर भेजने के इंतजाम खोखले हैं। मजदूरों की इस पीड़ा पर राजनीति नहीं होनी चाहिए। सरकार संवेदनाओं को राजनीति से ऊपर रखकर फैसला लें। इसी को लेकर बुधवार को कांग्रेस नेताओं ने पूर्व मंत्री प्रदीप जैन के नेतृत्व में राज्यपाल को संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा।
ज्ञापन में बताया कि पूरी दुनिया वैश्विक महामारी कोरोनो से जूझ रही है, जिसमें सर्वाधिक शिकार प्रवासी मजदूर हो रहे हैं, जिनकी पीड़ा किसी से छिपी नहीं है। कांग्रेस ने लॉकडाउन की शुरूआत से ही सरकार के साथ कदम से कदम मिलाकर कार्य करने की घोषणा की थी। कांग्रेस के कार्यकर्ता एक सिपाही के रूप में देशभर में लोगों को भोजन, राशन व अन्य आवश्यकताओं की पूर्ति कर रहे हैं। यूपी की प्रदेश प्रभारी प्रियंका गांधी ने मजदूरों को घर पहुंचाने के लिए एक हजार बसों के संचालन की अनुमति मांगी थी। सरकार ने मजदूरों को मदद पहुंचाने की जगह उस पर राजनीति शुरू कर दी। कांग्रेसियों पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया। इस मौके पर प्रदेश महासचिव राहुल राय, प्रदेश सचिव राहुल रिछारिया, शहर अध्यक्ष अरविंद वशिष्ठ व मनीराम कुशवाहा मौजूद रहे।