फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

किसान आंदोलन के समर्थन में सपा ने किया प्रदर्शन

विज्ञापन
विज्ञापन
झांसी। किसान आंदोलन के समर्थन में सोमवार को समाजवादी पार्टी ने प्रदर्शन किया। बैलगाड़ियों में सवार होकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए सपाइयों ने जुलूस निकाला। कलक्ट्रेट पहुंचकर राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। इस दौरान सपा नेताओं ने कहा कि काला कानून लाकर सरकार देश के अन्नदाताओं को कमजोर करने का काम कर रही है।
विज्ञापन

समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ताओं को सुबह बीकेडी चौराहे से जुलूस निकालना था। लेकिन, यहां पहले ही भारी संख्या में पुलिस पहुंच गई। ऐसे में ऐन मौके पर योजना बदलते हुए सपाई नंदिनी सिनेमा के पास इकट्ठा हुए और यहां से जुलूस निकाला। पूर्व सांसद डॉ. चंद्रपाल सिंह यादव की अगुवाई में बैलगाड़ियों में सवार होकर कलक्ट्रेट की ओर निकले। सैकड़ों की संख्या में सपाई हाथों में झंडे थाम पैदल आगे बढ़ रहे थे। इस दौरान कृषि कानून के विरोध में सपाइयों ने जमकर नारेबाजी की। इस दौरान पुलिस खासी चौकस रही। जुलूस के इर्दगिर्द खासी संख्या में पुलिस कर्मी मौजूद रहे। कलक्ट्रेट पहुंचकर सपाइयों ने राष्ट्रपति को संबोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा। इस दौरान पूर्व सांसद ने कहा कि मोदी सरकार किसानों के साथ अत्याचार कर रही है। किसानों के खिलाफ काला कानून लाया गया है। लेकिन, सपा किसानों के साथ खड़ी है और किसान आंदोलन को पूरा समर्थन है। किसानों की लड़ाई सड़क से संसद तक लड़ी जाएगी।
इस मौके पर आरपी निरंजन, राकेश पाल, जुगलकिशोर कुशवाहा, चंद्रप्रकाश मिश्रा, मान सिंह यादव, शैलेंद्र यादव, अजय सूद, शकील खान, यशेंद्र राजपूत, प्रतिपाल सिंह , दीपाली रायकवार, अमित खटीक बंटी, अमित कुशवाहा, विश्वप्रताप सिंह यादव, प्रेम बाल्मीकि, विजय झांसिया, सत्येंद्र पुरी, संजय पाल, ऋषभ फाटक, संतोष यादव, विकास यादव रिंटू, हीरेंद्र यादव, राहुल चक्रवर्ती आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन

पूर्व एमएलसी व महानगर अध्यक्ष नजरबंद
झांसी। समाजवादी पार्टी के आंदोलन से पूर्व पुलिस ने एहतियातन पूर्व एमएलसी तिलक चंद्र अहिरवार व महानगर अध्यक्ष तनवीर आलम खान को उनके घरों में नजरबंद कर दिया गया। दोनों नेताओं के घरों पर पुलिस का पहरा बैठा दिया गया। महानगर अध्यक्ष ने घर पर ही किसान आंदोलन के समर्थन में धरना दिया। इस दौरान पुलिस चौकस रही।
बैलगाड़ी की नहीं हो पाई जुगाड़
झांसी। सपा की योजना दर्जनों की संख्या बैलगाड़ियों के साथ जुलूस निकालने की थी। लेकिन, बैलगाड़ियों की कमी की वजह से योजना कामयाब नहीं हो पाई। सपाई महज 10-12 बैलगाड़ियों की ही जुगाड़ कर पाए। ऐसे में सपाई आपस में कहते नजर आए कि किसानों के पास अब बैलगाड़ी बची ही कहां हैं। बैलगाड़ी की जगह ट्रैक्टरों से जुलूस निकाला जाना चाहिए था।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें