कोरोना वैक्सीन को लेकर ठगों ने भी अपना जाल फैला लिया है। साइबर अपराधी सक्रिय होकर लोगों को वैक्सीन बुकिंग कराने का लालच देकर कॉल कर रहे हैं। महानगर में भी कई लोगों के पास इस तरह की कॉल पहुंच रही हैं। अच्छी बात यह है कि जिले में अब तक कोई ठगी का शिकार नहीं हुआ। कॉल के मद्देनजर साइबर थाना पुलिस ने एडवाइजरी भी जारी की है। अगर कोई व्यक्ति कॉल करके कोरोना वैक्सीन के लिए रजिस्ट्रेशन कराने के लिए कहे तो सावधान रहें।
दरअसल यह साइबर ठगी करने वालों का नया पैंतरा है। इसमें लोगों को फोन करके कोरोना वैक्सीन लगाने के लिए रजिस्ट्रेशन कराने का झांसा देते हैं। बातचीत के दौरान रजिस्ट्रेशन के नाम पर आधार नंबर, बैंक खाता, एटीएम कार्ड, क्रेडिट कार्ड नंबर मांग रहे हैं। इसके कुछ देर बाद मोबाइल में ओटीपी नंबर भेजते हैं और फिर ओटीपी नंबर मांगकर बैंक खाते की रकम साफ कर देते हैं। इस तरह की कॉल महानगर के लोगों के पास लगातार आ रही हैं। दूसरे शहर में कई लोग ठगी के शिकार हो रहे हैं।
यह बरतें सावधानी
- मोबाइल में ओटीपी नंबर आए तो उसे किसी दूसरे को न बताएं।
- कोरोना वैक्सीन उपलब्ध कराने का दावा करने वाली किसी भी तरह के मोबाइल एप को डाउनलोड न करें।
- अंजान नंबर से वैक्सीन को लेकर फोन आए तो सतर्क हो जाएं और उसके किसी प्रलोभन में ना पड़ें।
- बेहतर होगा कि वैक्सीन पहले उपलब्ध कराने का प्रलोभन देने वाले से ज्यादा बात ही ना करें।
- किसी भी सूरत में बैंक डिटेल जैसे खाता नंबर, एटीएम कार्ड, पिन जैसी जानकारी साझा नहीं करें।
इसलिए अपना रहे यह तरीका
कोरोना को लेकर पूरे विश्व में लोगों दहशत है। इससे बचने के लिए एक मात्र तरीका वैक्सीन ही है। हर कोई वैक्सीन के इंतजार में हैं। ऐसे में ठगों के इस तरीके से कई लोग ठगी का शिकार हो सकते हैं। कोरोना वैक्सीन का रजिस्ट्रेशन कराने के नाम पर कई लोग आसानी से ठगों के झांसे में आ सकते हैं।
ऐसे हासिल कर लेते हैं बैंक डिटेल
फोन पर बातचीत के दौरान साइबर ठग बैंक डिटेल पता करने के बाद खाते से रकम गायब कर रहे हैं। फोन पर किसी से भी आधार नंबर व ओटीपी नंबर शेयर न करें। साइबर अपराधी कोरोना वैक्सीन को लेकर ठगी करने की कोशिश कर रहे हैं। ऐसे ठगों से अलर्ट रहने की जरूरत है।
विवेक कुमार त्रिपाठी एसपी सिटी-नोडल अधिकारी, साइबर थाना