झांसी/ दतिया। लोकायुक्त ग्वालियर की टीम ने सोमवार को दतिया स्टेशन पर कैंटीन संचालक की शिकायत पर आरपीएफ के एक सहायक उपनिरीक्षक को छह हजार रुपये रिश्वत लेते पकड़ लिया। टीम ने आरोपी की जेब से रुपये बरामद किए। वहीं, आरोपी एएसआई ने कहा कि शिकायतकर्ता को उसने कुछ रुपये उधार दिए थे। यह रुपये वही हैं।
दतिया रेलवे स्टेशन पर ठेकेदार कृष्ण कुमार शर्मा प्लेटफार्म एक पर कैंटीन का संचालन करते हैं। उन्होंने प्लेटफार्म तीन पर भी एक कैंटीन खोल रखी है। ठेकेदार का आरोप है कि प्लेटफार्म तीन पर कैंटीन संचालन के बदले आरपीएफ के सहायक उपनिरीक्षक (एएसआई) एसके निरंजन द्वारा दस हजार रुपये की अनाधिकृत रूप से मांग की जा रही थी। उन्होंने एएसआई को 18 जून को तीन हजार रुपये व 19 जून को एक हजार रुपये दिए।
छह हजार रुपये के लिए उस पर और दबाव बनाया जा रहा था। सोमवार को ठेकेदार ने मामले की शिकायत ग्वालियर लोकायुक्त से की। इस पर डीएसपी आरबी शर्मा के नेतृत्व में ठेकेदार के साथ नौ सदस्यीय टीम दतिया आ गई।
योजना के तहत शाम साढ़े छह बजे ठेकेदार दतिया स्टेशन पर स्थित आरपीएफ चौकी पर पहुंचा और उसने कुछ देर बातचीत के उपरांत एएसआई को छह हजार रुपये दे दिए। एएसआई ने रुपयों को शर्ट की जेब में रख लिया, तभी लोकायुक्त टीम के सदस्य मौके पर पहुंच गए। टीम ने एएसआई की जेब से नोटों को बरामद कर लिया।
हालांकि, इस दौरान एएसआई का कहना था कि उसने कैंटीन संचालक को पंद्रह हजार रुपये उधार दिए थे, जिसमें छह हजार रुपये वह लौटाने आया था। टीम में निरीक्षक अतुल सिंह, शैलेंद्र गोविल, नरेंद्र त्रिपाठी, आलोक त्रिवेदी आदि शामिल थे।
इधर, सूचना पर दतिया स्टेशन पहुंचकर झांसी स्टेशन प्रभारी निरीक्षक राजीव उपाध्याय ने भी मामले की जानकारी ली। इस मामले में वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त आशीष मिश्र ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।