झांसी। प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बुंदेलखंड की अन्ना प्रथा के समाधान के लिए सरकार द्वारा बनाए गए गो आश्रय स्थलों को बेहद कारगर बताया। इस दौरान उन्होंने ललितपुर की गोशाला का जिक्र करते हुए इसे पूरे प्रदेश के लिए आदर्श बताया।
चिरगांव के ग्राम मुराटा में जल जीवन मिशन के तहत ‘हर घर जल’ योजना के कार्यों की शुरुआत करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि बुंदेलखंड में अन्ना प्रथा सालों से चली आ रही थी, लेकिन इसके समाधान के लिए सरकारों की ओर से कारगर उपाय नहीं किए गए। लेकिन, प्रदेश की भाजपा सरकार आश्रय स्थल बनवाए, जिनमें अन्ना पशुओं को रखा गया है। उन्होंने कहा कि आज हम जिस परिसर में मौजूद हैं, उसके पास ही एक गो आश्रय स्थल भी है। इस दौरान उन्होंने ललितपुर की गोशाला का जिक्र करते हुए उसे आदर्श बताया।
विदित हो कि दो साल पहले मुख्यमंत्री ने ललितपुर में गोशाला का उद्घाटन किया था। नगर से सटे कल्याणपुरा में स्थित ये गोशाला आत्मनिर्भर है। गोशाला से निकलने वाला गोबर एक जैविक खाद बनानी वाली कंपनी खरीदती है। इससे होने वाली आय से गोशाला का संचालन होता है। यही वजह है कि मुख्यमंत्री ने ललितपुर की इस गोशाला की तारीफ करते हुए इसे आदर्श बताया।