- करगुवां मेंं हाईवे जाम करने के मामलों में हुआ मुकदमा
संवाद न्यूज एजेंसी
चिरगांव। सोमवार की रात ग्राम करगुवां में ग्रामीणों द्वारा हाईवे जाम करने तथा प्रशासन के खिलाफ आपत्तिजनक नारेबाजी कर धक्का-मुक्की करने के आरोप में पुलिस ने जिला पंचायत सदस्य समेत 26 नामजद व 150 अज्ञात के खिलाफ चिरगांव थाने में मुकदमा पंजीकृत कराया गया है।
एसआई सराफत बेग ने बताया कि वह ग्राम करगुवां में जांच के लिए गए थे। वहीं उन्हें सूचना मिली कि कुछ लोग धर्मेंद्र के शव को झांसी-कानपुर हाईवे पर रखकर आवागमन रोके हैं।मौके पर पहुंचने पर देखा कि जिला पंचायत सदस्य गोलू माते बरल समेत आजाद खां, सौरव, संतोष, जगदीश, देवेंद्र, अनुज, संतोष राजपूत, राजेंद्र मुखिया, संतोष, बालकिशन, बलराम, शिवम, भानू, सोनू, सतीश कुशवाहा, सलीम, अंकित, छोटू कुशवाहा, संजू, हेमंत राजपूत, गोलू, अशोक सेठ, शीतल कुशवाहा, मोहित, मंजू देवी निवासी करगुवां तथा 20 अज्ञात महिलाएं एवं 150 अज्ञात पुरुष रास्ता अवरूद किए हैं, जिस पर चिरगांव थाने में मुकदमा दर्ज किया।
पुलिस का कहना है कि यह लोग मृतक धर्मेंद्र के शव को हाईवे के बीच में रखकर थाना एट पुलिस द्वारा उचित कार्रवाई की मांग कर रहे थे। इस जाम से सड़क के दोनों ओर का मार्ग अवरूद्ध हो गया था। जिससे एंबुलेंस, प्राइवेट वाहन, बसों की लंबी लाइन लग गई थी। जिससे बच्चे व सवारियां परेशान हो गईं। मरीज समय पर अस्पताल नहीं पहुंच पा रहे थे। पुलिस ने बहुत समझाने का प्रयास किया लेकिन यह लोग मारामारी तथा गाली-गलौज करने लगे। पुलिस ने आवश्यक बल प्रयोग करके रात साढ़े दस बजे जाम खुलवाया। इस दौरान पूंछ, समथर , मोंठ पुलिस के साथ ही क्षेत्राधिकारी भी मौजूद थे।