झांसी। नगर निगम एटीएम बूथ की तर्ज पर शहर के विभिन्न चार स्थानों पर पैथालॉजी बूथ खोलने जा रहा है। यहां लोग मधुमेह, यूरिन, एक्सरे समेत पैथोलॉजी की 50 से अधिक जांच आसानी से करा सकेंगे। बाजार के मुकाबले बेहद सस्ती दरों में उनको यह सुविधा मिलेगी। इस प्रोजेक्ट के अगले तीन माह के भीतर पूरा कर लिए जाने की योजना है।
स्मार्ट सिटी मिशन के जरिए टेलीमेडिसिन सुविधा और पैथोलॉजी एवं डायग्नोस्टिक सेंटर बनाया जाना है। इसके लिए मेडिकल कॉलेज के पास 10 हजार स्क्वायर फीट भूखंड पर कमांड सेंटर बनेगा। यहीं पर मशीनें लगाई जाएंगी। इसे महानगर के विभिन्न चार स्थानों पर लगाए गए कलेक्शन सेंटर से जोड़ा जाएगा। कलेक्शन सेंटर पर नमूने एकत्रित होंगे। यहां सेंट्रालाइज सैंपल कलेक्शन के तहत नमूने लिए जाएंगे। इस सुविधा की मदद से रोगी को कई बार सुई की चुभन से परेशान होकर सैंपल देने के लिए अलग-अलग जगह नहीं भटकना पड़ेगा। यहां किसी समस्या को लेकर पहुंचे व्यक्ति को सिर्फ एक बार सैंपल देना होगा। इसी सैंपल को अलग-अलग टेस्ट ट्यूब में डालकर उनका परीक्षण किया जाएगा। पैथोलॉजी, सीबीसी, एलएफटी, केएफटी, थाइरॉयड, टीएलसी, हीमोग्लोबिन और शुगर समेत पचास से अधिक जांच कराई जा सकेंगी। यहां कोविड जांच की भी सुविधा रहेगी। एंटीजन परीक्षण के साथ आरटीपीसीआर जांच भी कराई जाएगी। एक दिन में करीब 16 हजार जांच कराई जा सकेंगी। सभी प्रकार के एक्सरे भी कराए जा सकेंगे। निगम अफसरों का कहना है कि जांच रिपोर्ट की विश्वसनीयता के लिए भी परीक्षण किया गया है। इन सभी परीक्षणों के लिए शुल्क अभी तय नहीं हुआ लेकिन, इसकी दरें सेंट्रल गर्वेंट हेल्थ स्कीम (सीजीएचएस) में तय रकम से कम रखी जाएगी। उप्र में यह सुविधा अभी सिर्फ आगरा में ही आरंभ हुई है।
अस्पतालों में खाली बिस्तरों की संख्या रहेगी ऑनलाइन
अरबन हेल्थ मैनेजमेंट सिस्टम भी स्मार्ट सिटी की मदद से विकसित होगा। इसकी मदद से महानगर के सभी अस्पतालों में उपलब्ध बिस्तरों की संख्या ऑनलाइन मालूम हो सकेगी। मामूली रोग के लिए डॉक्टरों से परामर्श लेने के लिए भी अस्पताल जाने की जरुरत नहीं होगी। टेली मेडिसिन सुविधा से परामर्श लिया जा सकेगा। गंभीर मरीजों के उपचार का पूरा ब्यौरा संग्रहित रहेगा। यह डेटा बेहद गोपनीय रहेगा। सिर्फ डॉक्टर एवं संबंधित मरीज तक ही इसकी पहुंच होगी। इससे उपचार के दौरान डॉक्टर का पर्चा खोने की समस्या भी खत्म होगी।
इस प्रोजेक्ट को मंजूरी मिल गई है। सभी औपचारिकताएं भी पूरी कर ली गईं। जल्द ही यहां काम शुरू करा दिया जाएगा। उम्मीद है कि अगले तीन-चार माह के भीतर यह काम पूरा कर लिया जाएगा।
अवनीश राय, नगर आयुक्त