अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। सीपरी बाजार इलाके में चार साल पहले मासूम संग दुष्कर्म करने वाले युवक समेत उसके साथियों पर दोष सिद्ध होने पर विशेष न्यायाधीश पोस्को एक्ट मोहम्मद नेयाज अहमद अंसारी की अदालत ने मुख्य अभियुक्त को बीस साल की कैद समेत पचास हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। इसके साथ ही कोर्ट ने सहअभियुक्तों को साथ देने पर तीन साल की कैद समेत पांच-पांच हजार रुपये की जुर्माने की सजा सुनाई है।
अभियोजन पक्ष के मुताबिक दुष्कर्म पीड़िता के परिजनों ने सीपरी बाजार थाने में रिपोर्ट दर्ज कराते हुए बताया कि 8 नवंबर 2020 को पांच साल की मासूम बच्ची को आईटीआई निवासी भरत यादव, बलवीर यादव और ज्ञान सिंह अपने घर बहला-फुसलाकर ले गए। भरत यादव ने मासूम संग दुष्कर्म किया। बलवीर एवं ज्ञान सिंह ने भी उसका साथ दिया। रिपोर्ट दर्ज करके पुलिस ने आरोपियों के गिरफ्तार करके जेल भेज दिया। छानबीन के बाद पुलिस ने 7 दिसंबर 2020 को कोर्ट में तीनों के खिलाफ चार्जशीट दाखिल कर दी। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने कई गवाह एवं सुबूत पेश किए। कोर्ट ने उनके गवाहों को विश्वनीय मानते हुए तीनों को दोषी ठहराया। कोर्ट ने मुख्य अभियुक्त भरत यादव को बीस साल की कैद समेत पचास हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई। सहअभियुक्त बलवीर एवं ज्ञान सिंह को भी तीन-तीन साल की सजा समेत पांच-पांच हजार रुपये का जुर्माना की सजा सुनाई गई है।