मौसम की मार, अस्पतालों में मरीजों की भरमार
झांसी। जून में सूरज के तेवर चढ़े हुए हैं और गर्मी का प्रकोप जारी है। ऐसे में अस्पतालों में हीट स्ट्रोक, उल्टी-दस्त, पेट दर्द, डायरिया के मरीजों की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। जिला अस्पताल में सुबह से ही मरीजों की लंबी-लंबी कतारें लग रही हैं। मेडिकल कॉलेज के अलावा निजी अस्पतालों में भी काफी संख्या में मरीज इलाज कराने के लिए पहुंच रहे हैं।
भीषण गर्मी में लोगों का बुरा हाल है। मौसम की मार से उल्टी, दस्त, डायरिया व हीट स्ट्रोक के मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है। जिला अस्पताल की ओपीडी में मौसम जनित बीमारियों से पीड़ित रोजाना डेढ़ सौ से दो सौ मरीज पहुंच रहे हैं। इसमें बच्चे व बुजुर्गों की संख्या अधिक है। अस्पताल में रोजाना 20 से 25 मरीज गंभीर हालत में पहुंच रहे हैं, जिनको इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती करना पड़ रहा है। अस्पताल के वार्डों में मरीजों की काफी भरमार है।
जिला अस्पताल के सीएमएस डॉ. बीके गुप्ता ने बताया कि लगातार पड़ रही गर्मी की वजह से उल्टी, दस्त और डायरिया के अलावा हीट स्ट्रोक के मरीजों की संख्या बढ़ी है। सामान्य दिनों की तुलना में इन दिनों चार गुना अधिक मरीज पहुंच रहे हैं। अस्पताल में इलाज के समुचित इंतजाम हैं। दवाइयों की कोई कमी नहीं है। आवश्यकतानुसार मरीजों को ग्लूकोज भी चढ़ाया जा रहा है।
ऐसे करें बचाव
- बासा खाना खाने से बचें
- पानी व पेय पदार्थों का खूब सेवन करें
- मौसमी फल खाएं, कटे हुए फल खाने से बचें
- मसालेदार और गरिष्ठ भोजन से बचें
- सफाई का विशेष याल रखें
- घर का ही भोजन करें, बाहर खाने से बचें
- धूप में ज्यादा देर तक न रहें
- सिर को सीधी धूप से बचाएं, टोपी, गमछे का इस्तेमाल करें
- बाहर से आकर तुरंत पानी न पिएं