केराकत। जौनपुर-औडि़हार रेल मार्ग पर नोनमटिया के पास शनिवार की शाम अंडरपास बनाने की मांग को लेकर ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया। प्रदर्शन के बाद रेलवे ने ट्रैक के दोनों तरफ 26 पिलर लगवा दिए, जिसे रात में ग्रामीणों ने उखाड़कर फेंक दिया।
नोनमटिया के पास शनिवार को रेलवे अंडरपास की मांग को लेकर बड़ी संख्या में कई गांवों के लोग जुट गए थे। रेलवे ट्रैक पर प्रदर्शन कर धरना देकर दोहरीकरण निर्माण कार्य को बंद करा दिए थे। इस दौरान करीब साढ़े तीन घंटे तक ट्रेनों का संचालन ठप रहा। रेलवे विभाग के सीनियर सेक्शन इंजीनियर विनायक पाल और कोतवाली केराकत पुलिस और रेलवे सुरक्षा बल औडि़हार के मनोज कुमार सिंह ने ग्रामीणों से ज्ञापन लेकर और उन्हें आश्वासन देकर धरना समाप्त कराया था। धरना समाप्त होने के बाद दोहरीकरण कार्य पुन: चालू हो गया। रेलवे विभाग ने ट्रैक के दोनों तरह लोहे के कुल 26 पिलर लगवा दिए, जिससे ग्रामीणों के आवागमन का रास्ता रोक दिया। लेकिन, रेलवे विभाग के कर्मचारियों के जाने के बाद रात में ही किसी समय ग्रामीणों ने सभी पिलरों को उखाड़ कर फेंक दिया। सीनियर सेक्शन इंजीनियर रेलवे विनायक पाल ने बताया कि शनिवार की शाम साढ़े सात बजे नोनमटिया के पास रेलवे ट्रैक के दोनों तरफ 26 लोहे के पिलर लगवाया गया लेकिन उसे ग्रामीणों रात में ही उखाड़कर दिया है। रेलवे ट्रैक के पास कुछ मिट्टी पाटकर आवागमन का रास्ता बना दिया है। इसके चलते कभी भी कोई रेल दुर्घटना को घटने से इनकार नहीं किया जा सकता। इस मामले में रेलवे पिलर उखाड़ने वालों पर विभाग कानूनी कार्यवाही करेगा।