सुरेरी थाना क्षेत्र के एक गांव में छेड़खानी से तंग आकर किशोरी के आत्महत्या के मामले में गिरफ्तार दो आरोपियों को पुलिस ने बृहस्पतिवार को जेल भेज दिया। जबकि घटना के दूसरे दिन भी पुलिस मुख्य आरोपी को गिरफ्तार नहीं कर सकी है। आरोपी दूसरे समुदाय का होने के कारण गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस और पीएसी के जवानों की तैनाती की गई है।
छेड़खानी से तंग आकर आत्महत्या करने वाली किशोरी के पास से मिले सुसाइड नोट में उसने अपनी मौत का जिम्मेवार दूसरे समुदाय के युवक को ठहराया था। किशोरी के पिता की तहरीर पर केस दर्ज कर पुलिस ने आरोपियों की छानबीन शुरू कर दी। आरोपियों में से वारिश उर्फ गोरख (32) और अली रजा (62) को गिरफ्तार कर पुलिस ने बृहस्पतिवार को जेल भेज दिया। जबकि मुख्य आरोपी रुस्तम अली की गिरफ्तार करने के लिए पुलिस ने कई संभावित ठिकानों पर दबिश दी लेकिन वह पुलिस के हाथ नहीं लगा। मुख्य आरोपी की गिरफ्तारी न होने के चलते पीड़ित परिजनों में गुस्सा है। घटना को लेकर गांव में तनावपूर्ण शांति है। एहतियात के तौर पर पुलिस और पीएसी की तैनाती की गई है। मृतक किशोरी के पिता का कहना है कि हमारी बेटी को तभी न्याय मिलेगा जब सभी आरोपितों को फांसी की सजा मिलेगी। थानाध्यक्ष सुरेरी देवीवर शुक्ला का कहना है कि मुख्य आरोपी की तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है। बहुत जल्द उसे गिरफ्तार कर लिया जाएगा।