सरपतहां थाना क्षेत्र के छीतमपट्टी गांव निवासी पीड़ित महिला को उपनिरीक्षक द्वारा धमकी देने का मामला प्रकाश में आया है। साथ ही उसने महिला से सादे पेपर पर हस्ताक्षर भी करा लिया। उधर, सीओ ने ऐसे किसी मामले से इन्कार करते हुए जांच कराने की बात कही है।
पीड़ित महिला के विवाह के बाद उसके पति ने उसे छोड़कर दूसरी शादी रचा ली है। महिला एक बेटी की मां है। पति को दूसरी शादी रचाने का जब विरोध किया तो पति और परिवार के लोगों ने उसे घर से निकाल दिया। पीड़िता ने न्यायालय में वाद दाखिल किया। इसमें न्यायालय ने विवाहिता को घर में रहने के लिए कमरा देने और पति द्वारा प्रति माह भरण पोषण देने के लिए निश्चित धनराशि देने का आदेश जारी किया है। आरोपी पति घर से बाहर रहने लगा। उसने अभी तक पत्नी को भरण-पोषण की राशि नहीं दी। पति द्वारा भरण-पोषण की धनराशि 6 लाख 18 हजार दी जानी है।
पीड़िता ने बताया कि 23 दिसंबर तक धनराशि की वसूली का आदेश न्यायालय ने दिया है। थाने पर तैनात उपनिरीक्षक इश्तियाक अहमद महिला को न्याय दिलाने के बजाय उसके घर पहुंच गए और धमकी दी। सादे कागज पर पीड़िता के हस्ताक्षर करवा लिया। क्षेत्राधिकारी अजीत सिंह ने बताया ऐसी किसी घटना के प्रति अनभिज्ञता जताई और जांच कराए जाने की बात कही है।