पीड़ित के मुताबिक 29 फरवरी को थाने पर मुकदमा लिखा जा रहा था, तभी पुलिस प्रताप सिंह को पकड़ कर थाने ले आई। प्रताप सिंह ने कहा अभी भी समय समझौता कर लो, नहीं तो बहुत पछताओगे। 4 मार्च 2024 को मड़ियाहूं पुलिस आई और सुशील कुमार यादव को गिरफ्तार कर थाने ले गई और लाकप में बंद कर दिया। इस समय कपिल सिंह व अन्य आरोपी आए। उस समय ऊंचनी गांव के ही संजय सिंह की हत्या हो गई थी।
आरोपी और उनके और उनके परिवार वालों के खिलाफ थाने पर हत्या की तहरीर दिलवा दिए। पुलिस ने मुकदमा भी दर्ज कर लिया और उनका चालान कर दिया। जेल छूटने के बाद थानाध्यक्ष मड़ियाहूं को प्रार्थना पत्र दिए तो उन्होंने कहा कि जांच चल रही है। इसी बीच कोर्ट में केस डायरी न्यायालय में भेज दिया।
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पीड़ित के मुताबिक वह 29 अप्रैल 2024 को पुलिस अधीक्षक को प्रार्थना पत्र दिए। साथ ही दावा किया कि घटना के समय 4 मार्च 2020 को अपने घर पर थे और पुलिस उसे शाम को थाने पर ले गई और 3 दिन तक बैठा रखा। वादी के फोन की लोकेशन और कॉल डिटेल आदि के संबंध में पुलिस विवेचना से तथ्य स्पष्ट हो सकते हैं। थाना मड़ियाहूं में रिपोर्ट दर्ज हुई और कापी न्यायालय में भेजी गई।