राजाबाजार। मनरेगा के तहत तालाब की खोदाई कराने के लिए प्रस्ताव तैयार किया गया। फाइल पर वित्तीय स्वीकृति दिलाने के नाम पर 21 हजार रुपये की रिश्वत मांगी गई। दस हजार रुपये रिश्वत लेते समय मनरेगा के एपीओ को एंटी करप्शन की टीम ने सोमवार को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तारी महराजगंज ब्लाक कार्यालय के पीछे से की गई।
महराजगंज ब्लाक के ग्राम पंचायत चारो में तैनात मनरेगा ग्राम रोजगार सेवक संतोष कुमार मिश्र ने शनिवार को वाराणसी में एंटी करप्शन टीम को शिकायत थी कि उन्हें कई माह से मनरेगा कार्य कराने के लिए जोर डाला जा रहा है। कार्य के प्रस्ताव की तैयार फाइल के बाद भी वित्तीय स्वीकृति नहीं हो रही थी। रोजगार सेवक के अनुसार, ग्राम पंचायत चारो में सगरा तालाब पार्ट एक की खोदाई के लिए प्रस्तावित फाइल 6 लाख 99 हजार रुपये की 20 अक्तूबर को वित्तीय स्वीकृति के लिए एपीओ रोहित कुमार मिश्रा को सौंपी गई। फाइल के साथ एपीओ ने 21 हजार रुपये रिश्वत की मांग की। बताया कि दस हजार पहले दे दो मैं लेखाकार से कह कर करवा दे रहा हूं। फिर दूसरी किस्त में दे देना। पैसा न दे पाने में असमर्थता जताने पर फिर काम लटकाने की बात कही गई। इससे आहत होकर रोजगार सेवक संतोष कुमार मिश्र ने शनिवार को एंटी करप्शन वाराणसी को लिखित शिकायत की। टीम ने आरोपी एपीओ के खिलाफ थाने में मुकदमा भी दर्ज कराया। निरीक्षक प्रमोद कुमार के नेतृत्व में टीम पहुंची थी।