जौनपुर। प्राथमिक विद्यालयों में नियुक्त के लिए पत्र पाने के बाद शुक्रवार को जिला अस्पताल में मेडिकल कराने वालों की भीड़ लगी रही। धक्का-मुक्की के बीच 250 शिक्षकों को प्रमाणपत्र दिया गया। भीड़ होने के कारण महिला अभ्यर्थियों को काफी परेशानी उठानी पड़ी है। शाम करीब साढ़े चार बजे तक स्वास्थ्य प्रमाण पत्र बनाया जाता रहा। इससे पहले शुक्रवार को डायट परिसर में 1049 शिक्षकों को नियुक्ति पत्र दिया गया लेकिन लिहाजा मेडिकल कराने के लिए मारामारी मची रही।
प्राथमिक विद्यालयों में नौकरी पाने वाले कुल 1065 शिक्षकों को नियुक्ति पत्र दिया जाना था, जिसमें 16 शिक्षकों के प्रमाणपत्र में खामी के कारण नियुक्ति पत्र नहीं दिया गया। शेष 1049 शिक्षकों को नियुक्ति पत्र दिया गया। डायट से नियुक्ति पत्र मिलने के बाद शिक्षक स्वास्थ्य प्रमाण के लिए जिला अस्पताल पहुंच गए। बड़ी संख्या में शिक्षकों के जिला अस्पताल पहुंचने के बाद अस्पताल परिसर में मेले जैसा माहौल हो गया। जो शिक्षक अस्पताल पहुंचते गए वह स्वास्थ्य प्रमाण पत्र के लिए कतार में लगते गए। दोपहर 12 बजे तक दो सौ से अधिक शिक्षक स्वास्थ्य प्रमाण पत्र पाने के लिए कतार में लग गए थे। भीड़ होने के कारण प्रमाण पत्र के लिए धक्का मुक्की भी हुई। खास कर महिला शिक्षकों को भीड़ में काफी परेशानी उठानी पड़ी। कुछ महिलाएं तो छोटे बच्चों को गोद में लेकर कतार में लगी थी। प्रमाण पत्र पहले पाने के लिए शिक्षकों में लगी रही है। स्वास्थ्य विभाग से निर्धारित शुल्क जमा कराने के बाद फार्म दुिया जा रहा था। फार्म को भर जमाकर के बाद प्रमाण पत्र बना दिया गया। सुबह करीब साढ़े दस बजे से प्रामण पत्र पाने के लिए शिक्षकों की भीड़ लगने लगी थी। सीएमएस डा. एसके पांडेय ने बताया कि शुक्रवार को 250 शिक्षकों को स्वास्थ्य प्रमाण पत्र दिया गया।