सुईथाकला। सरपतहा थाना क्षेत्र के बसौली गांव में गुरुवार की रात एक अधेड़ की अबूझ हालत में मौत हो गई। शव चारपाई पर पड़ा था और बिस्तर दूर जमीन पर था। चारपाई के पास सफेद रंग का कोई पदार्थ गिरा था। मृतक के परिजनों का आरोप है कि उनकी हत्या की गई है। घटना की खबर लगते ही मौके पर भीड़ जमा हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना को दो जून को हुए जातीय संघर्ष की घटना से भी जोड़कर देखा जा रहा है। सूचना पर मछलीशहर के सांसद रामचरित्र निषाद और जौनपुर केपी सिंह भी मौके पर पहुंचे और परिजनों को ढांढस बंधाया। प्रभारी सीओ शाहगंज विनय द्विवेदी ने बताया कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सरपतहां थाना क्षेत्र के बसौली गांव निवासी श्रीराम बिंद (50) गुरुवार की रात घर से सौ मीटर दूर पंपिंग सेट के बाहर खेत में चारपाई पर सोए थे। उनकी पत्नी शिवकुमारी देवी पंपिंग सेट पर बने कमरे में सोई थी। शुक्रवार की सुबह लगभग पांच बजे जब शिवकुमारी बाहर निकली तो देखा श्रीराम चारपाई पर बेसुध पड़ा था और विस्तर चारपाई से कुछ दूरी पर था। पत्नी ने शोर मचाया तो ग्रामीणों की भीड़ जमा हो गई। गांव के लोगों ने देखा तो श्रीराम की मौत हो चुकी थी। परिजनों ने फोन से इसकी सूचना सरपतहा पुलिस को दी। गांव में तनाव को देखते हुए कोतवाल शाहगंज और खुटहन थाने की पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने शव को कब्जे मे लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस के अनुसार मृतक के शरीर पर कहीं किसी चोट के निशान नहीं दिखे। चारपाई के नीचे केवल सफेद फाउडर जैसा केमिकल गिरा था। वहीं मृतक की पत्नी शिवकुमारी देवी ने आरोप लगाया कि मेरे पति की हत्या हुई है। गांव के लोग घटना को दो जून को हुए जातीय संघर्ष से जोड़कर देख रहे हैं।
दो जून को बसौली गांव में यादव और बिंद बस्ती के लोगों के बीच मारपीट और फायरिंग हुई थी। उस घटना में पुलिस ने दोनो तरफ से नामजद पचास लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया था। एहतियात के तौर पर अभी भी गांव में पीएसी तैनात थी। जिस स्थान पर श्रीराम का शव मिला, वहां से चार सौ मीटर दूर मंदिर पर पीएसी कैंप कर रही थी। मृतक चार बेटियों का पिता था। एक बेटी की शादी हो चुकी है। मृतक के शरीर पर कहीं कोई चोट का निशान नहीं है। - विनय द्विवेदी, प्रभारी सीओ शाहगंज