उरई। अमर उजाला फाउंडेशन की ओर से कालपी रोड स्थित गुरुकुलम पब्लिक स्कूल में पुलिस की पाठशाला का आयोजन किया गया। इसमें स्कूल के छात्र-छात्राओं ने उरई में ट्रैफिक सिग्नल न होने से लेकर जेएएनयू की हाल में हुई घटना और पुलिस वकीलों के बीच हुए संघर्ष से संबंधित सवाल अपर पुलिस अधीक्षक डॉ अवधेश सिंह से पूछे। बच्चों के सवालों का एएसपी ने भी एक शिक्षक की भांति बखूबी जवाब दिए। एएसपी ने कहा कि कानून से बड़ा कोई नहीं है, चाहे नेता हो या अधिकारी वर्तमान समय में जिसने भी कानून का उल्लंघन किया वह सलाखों के पीछे नजर आ रहा है। स्कूल डायरेक्टर श्रुति माहेश्वरी ने भी छात्र छात्राओं का उत्साहवर्धन किया। इसके बाद सभी ने नारी गरिमा को बनाए रखने की शपथ भी ली।
स्कूल के छात्र छात्राओं प्रगति, हर्ष और काजल आदि अपर पुलिस अधीक्षक से पूछा कि प्रभावशाली लोगों का चालान क्यों नहीं किया जाता है। ई-चालान के बाद भी क्या कोई पुलिस कर्मी वाहन स्वामी से पैसे ले सकता है। शहर में ट्रैफिक सिग्नल कब तक लगेंगे। पुलिस प्रभावशाली लोगों का चालान क्यों नहीं करती है। पुलिस रिश्वत लेकर भी लोगों को छोड़ देती है। इस पर अपर पुलिस अधीक्षक ने कहा कि कानून सभी के लिए है, अब तो सबसे अधिक पुलिस वाले ही हेलमेट लगाए दिखाई देते हैं। रही बात सिग्नल की तो इसकी मांग की गई है, जल्द ही लाल हरी बत्तियां भी नजर आएंगी। रिश्वत लेना तो जुर्म है ही लेकिन उसकी बड़ा अपराध रिश्वत देना भी है। इसी तरह छात्र छात्राओं ने पूछा कि जेएनयू में पुलिस का रवैय्या ऐसा क्यो रहा, दिल्ली में पुलिस आंदोलन पर क्यो बैठी और स्कूल के ही एक छात्र के सुसाइड के आरोपी कैसे घूम रहे हैं। इस पर एएसपी ने बताया कि सुसाइड के दो आरोपी जेल में हैं। बाकी के दो आरोपी जमानत पर है। दिल्ली में पुलिस की यूनियन है, इसलिए आंदोलन हुआ। स्कूल की छात्राओं ने स्टेशन रोड स्थित कोचिंग सेंटरों पर शोहदों की हरकतों पर भी सवाल किए, कहा कि शाम होते ही कोचिंगों के आसपास शोहदों का जमघट लगने लगता है। इस पर एएसपी ने उन्हें भरोसा दिया कि सीओ और कोतवाल को निर्देश देकर इस पर भी रोक लगाई जाएगी। इसी कड़ी में डायरेक्टर श्रुति माहेश्वरी ने फाउंडेशन के प्रयास प्रशंसा करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से बच्चों ने मन में छिपी बातें उनके सवाल सामने आते हैं और कुछ सवाल तो ऐसे होते हैं जो कि वाकई सोचने को विवश कर देते हैं। इस मौके पर स्कूल की ओर से शांति स्वरूप माहेश्वरी, सचिन पटेल, महेंद्र कुमार, सौरभ पटेल, आदर्श मिश्रा, सुज्जत हुसैन के अलावा कोतवाल शिवगोपाल, टीआई अनिल कुमार, टीएसआई राकेश सिंह, सिरसाकलार थाना प्रभारी सौरभ सिंह आदि मौजूद रहे।