उरई। फर्जी बीमा पॉलिसी तैयार कर निवेशक से धोखाधड़ी करने के मामले में न्यायालय ने दो आरोपियों को दोषी ठहराते 71-71 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
कोंच कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला महंत नगर निवासी सुरेश कुमार ने वर्ष 2015 में पुलिस को तहरीर देकर बताया था कि उन्होंने वर्ष 2010 में उरई में संचालित एक निजी बीमा कंपनी में पांच वर्ष की अवधि के लिए बीमा पॉलिसी कराई थी। पॉलिसी की अवधि पूरी होने के बाद जब उन्होंने अपनी जमा धनराशि वापस मांगी तो कंपनी से जुड़े सेवक पार्क, द्वारिका रोड, थाना द्वारिका, नई दिल्ली निवासी रमनदीप व ओल्ड माधव नगर, सहारनपुर, थाना सहारनपुर निवासी करुणेश शर्मा उन्हें लगातार टालते रहे।
आरोप था कि दोनों ने भुगतान करने के बजाय फर्जी और जाली पॉलिसी दस्तावेज दिखाकर उन्हें गुमराह किया तथा रकम लौटाने से बचते रहे। शिकायत के आधार पर पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
विवेचना के दौरान आरोप सही पाए जाने पर पुलिस ने आरोपी रमनदीप और करुणेश के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। मंगलवार को मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट की अदालत में हुई सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्यों, दस्तावेजों और गवाहों के बयानों का परीक्षण किया गया। सभी तथ्यों और साक्ष्यों के आधार पर न्यायालय ने दोनों आरोपियों को दोषी करार दिया।
अदालत ने रमनदीप और करुणेश को विभिन्न धाराओं में दोषसिद्ध पाते हुए सात-सात वर्ष के कारावास की सजा सुनाई। साथ ही प्रत्येक आरोपी पर 71-71 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया गया।