मुहम्मदाबाद। कुसमिलिया से चिल्ली गांव को जोड़ने वाले करीब तीन किलोमीटर लंबे मार्ग का निर्माण अब जल्द शुरू होने की संभावना है। विभाग ने डेढ़ करोड़ रुपये की लागत का प्रस्ताव शासन को भेज दिया है। लोगों को कहना है कि सड़क बन जाने से उन्हें परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। बरसात के मौसम में सड़क कीचड़ में तब्दील हो जाती है जिससे ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
कुसमिलिया से चिल्ली गांव की तीन किलोमीटर की इस सड़क का निर्माण कार्य एक साल पहले प्रारंभ किया गया था, लेकिन बजट की कमी के चलते इसे आधे में ही रोकना पड़ा। सड़क अधूरी रहने से ग्रामीणों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के मौसम में हालात और भी खराब हो जाते थे, जिससे स्कूली बच्चों, मरीजों व किसानों को काफी परेशानी उठानी पड़ती थी।
ग्रामीणों द्वारा लगातार शिकायतें दर्ज कराए जाने के बाद प्रशासन हरकत में आया। विभागीय अधिकारियों का कहना है कि प्रस्ताव शासन तक पहुंच गया है और बजट स्वीकृत होते ही निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा।
अधिकारियों का कहना है कि लगभग डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से सड़क निर्माण पूरा किया जाएगा, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के आवागमन में सुधार होगा और लोगों को राहत मिलेगी।
सड़क आधी बनी और फिर छोड़ दी गई। बरसात में तो हालत और खराब हो जाती है। कई बार हम लोग फिसल जाते हैं और बाइक लेकर निकलना भी मुश्किल हो जाता है।
- दिवाकर, कुसमिलिया
हमने कई बार शिकायत की, तब जाकर अधिकारी हरकत में आए। अब अगर सड़क बन गई तो हमारा सदियों पुराना सपना पूरा होगा।
- आफाक
अधूरी परी सड़क के लिए शासन को करीब डेढ़ करोड़ का प्रस्ताव बनाकर भेजा गया है। जल्दी ही मंजूरी मिलने की संभावना है। बजट मिलते ही निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा।
- इंदल सिंह, जेई, पीडब्लूडी
फोटो-19-कुसमिलिया गांव से चिल्ली गांव को जोड़ने वाली अधूरी सड़क।- फोटो : कैसरगंज रेंज के भेड़िया प्रभावित क्षेत्र में गश्त करते डीएफओ व अन्य।
फोटो-19-कुसमिलिया गांव से चिल्ली गांव को जोड़ने वाली अधूरी सड़क।- फोटो : कैसरगंज रेंज के भेड़िया प्रभावित क्षेत्र में गश्त करते डीएफओ व अन्य।