महोबा डिपो की एक रोडवेज बस रविवार को दिल्ली से चलकर महोबा जा रही थी। बस में करीब 30 से 35 यात्री बैठे थे। देर रात करीब 12 बजे बस जैसे ही कुठौंद थाना क्षेत्र के हरसिंगपुर गांव के पास पहुंची तभी स्टेयरिंग फेल हो गई। बस की रफ्तार भी काफी ज्यादा थी। चालक जब तक कुछ समझ पाता इससे पहले बस अनियंत्रित होकर सड़क किनारे पेड़ से जा टकराई। रफ्तार इतनी ज्यादा थी कि बस का आगे का हिस्सा बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। उधर बस के पेड़ से टकराते ही चीख पुकार मच गई। महिला यात्री और बच्चे रोने लगे।
रात होने की वजह से अधिकतर यात्री नींद में थे, जिससे वह हादसे के दौरान खुद को संभाल न पाए और घायल हो गए। यात्रियों की चीख पुकार सुनकर उधर से गुजर रहे राहगीर दौड़ कर आए। उन्होंने पास के गांव से ग्रामीणों को बुलाकर पुलिस को हादसे की सूचना दी। देखते ही देखते वहां मदद के लिए दर्जनों ग्रामीण पहुंच गए। ग्रामीणों ने एक-एक कर सभी यात्रियों को बाहर निकाला। हादसे में बस में सवार मो. हाशिम (55) निवासी मोहनपुरा जालौन, जय सिंह (58) निवासी राठ, सहबाई (55) पत्नी जय सिंह, हरी (40) निवासी ग्राम चिल्ली राठ, गुड़िया पत्नी हरी सिंह, सुचेता सिंह, शिवचरण निवासीगण मऊरानीपुर, मीरा देवी निवासी खरेला, मोहिनी (18) निवासी राठ, मीनू निवासी राठ, अर्चना निवासी राठ, रामऔतार निवासी कटरा महोबा समेत करीब 23 लोग घायल हो गए।
कुछ ही देर में कुठौंद थाने से फोर्स भी पहुंच गया। पुलिस ने 108 एंबुलेंस को बुलाकर आनन फानन में ज्यादा घायल यात्रियों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। कुछ यात्रियों को निजी वाहन व पुलिस जीप से भी ले जाया गया। अस्पताल में यात्रियों के पहुंचते ही वहां हड़कंप मच गया। चिकित्सक ने सभी का प्राथमिक इलाज किया। घायलों में कुछ ही हालत गंभीर देखते हुए उन्हें जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। उधर इलाज होने के बाद कुठौंद में रोडवेज की दूसरी बस भेजी गई, जिससे यात्रियों को उनके नगर व कस्बों के लिए रवाना किया गया।
हादसे के बाद चालक बस छोड़ भागा
स्टेयरिंग फेल होने से बस जैसे ही हरसिंगपुर में पेड़ से टकराई तो चालक बस छोड़कर वहां से भाग निकला। उसे भागता देख यात्रियों ने आवाज भी लगाई, लेकिन उसका दिल नहीं पसीजा और यात्रियों के गुस्से से बचने के लिए उसने दौड़ लगा दी, लेकिन बस का कंडक्टर वहीं रुका रहा। उसने यात्रियों की मदद कर उन्हें बचाया। हादसे में वह खुद भी चुटहिल हो गया था।
यात्रियों ने लगाया चालक के सोने का आरोप
हादसे में घायल यात्रियों ने बताया कि औरैया से निकलते ही चालक बस चलाते समय बार-बार झपकी ले रहा था। उसके साथ बैठे यात्रियों ने कई बार टोका भी था, लेकिन वह अपनी मनमानी करते हुए बस चलाता रहा। इसलिए यात्री हादसे की एक वजह चालक का सो जाना भी बता रहे है। उनका कहना है कि किसी कार्रवाई से बचने के लिए स्टेयरिंग का फेल होने का बहाना बनाया जा रहा है।