बुंदेलखंड को पेयजल संकट से निजात दिलाने के लिए सरकार के प्रतिनिधि मंडल ने रविवार को जिले के जिला पंचायत भवन सभागार में बुंदेलखंड के सभी सांसद, विधायक व जनप्रतिनिधों के साथ विचार विमर्श एवं समीक्षा बैठक की। बैठक की अध्यक्षता ग्राम्य विकास राज्यमंत्री स्वतंत्र प्रभार महेंद्र सिंह ने की। बैठक में सभी विधायकों ने अपने अपने जिले की पेयजल समस्याओं को प्रमुखता से रखा। प्रतिनिधि मंडल ने सभी जिले की समस्याओं को प्रमुखता से लिया और उनके निवारण के लिए चर्चा की। बैठक करीब चार घंटे चली।
बैठक में शामिल रहे विधायकों ने बताया कि बैठक में सभी जिले की पेयजल समस्या को मंत्रियों ने गंभीरता से सुना और उन्होंने जल्द समस्याओं के निराकरण का आश्वासन भी दिया। सदर विधायक गौरीशंकर वर्मा और माधौगढ़ के विधायक मूलचंद्र निरंजन ने बताया कि बुंदेलखंड की प्रमुख नदियों व बांधों को सीधे पेयजल आपूर्ति से जोड़ा जाएगा। इसमें यमुना, बेतवा, धसान, पंचनदा, सिंध, केन आदि नदियों से इनके आस पास के जिलों को सीधे पानी की सप्लाई देने की योजना बनी है।
नदियों पर पंप कैनाल बनाकर भी पेयजल संकट को दूर किया जाएगा। इससे जहां नदियों के किनारे बसे गांव में पेयजल संकट होगा तो नगरी क्षेत्रों में भी पानी की समस्या को खत्म किया जाएगा। इसके साथ बुंदेलखंड के प्रत्येक गांव को हैंडपंप के साथ-साथ घर घर पानी पहुंचाने की कार्य योजना पर सहमति बनी है। इससे गांव में किसानों को पानी के लिए कहीं भटकने की जरूरत नहीं। बुंदेलखंड के सभी गांवों को नलकूप से पाइप लाइन के जरिए जोड़ा जाना है। गांव में डाली जाने वाली पाइप लाइन की मरम्मत के लिए ही ग्राम पंचायत को जिम्मेेदारी दी जाएगी।
जो ग्रामीणों से कुछ पैसे लेकर पाइप लाइन का रखरखाव कराया जाएगा। शासन की ओर से आई टीम में राज्य मंत्री सिंचाई बलदेव सिंह, नगर विकास गिरीश चंद्र यादव, प्रमुख सचिव अनुराग श्रीवास्तव ग्राम विकास, सचिव नगर विकास जीएस श्रीधर, झांसी कमिश्नर कुमुद लता जिलाधिकारी मन्नान अख्तर, सीडीओ एसपी सिंह, संासद भैरव मिश्रा, पुष्पेन्द्र चंदेल, भानू वर्मा, विधायक गौरीशंकर, मूलचंद्र निरंजन, मनीषा अनुरागी, नरेन्द्र सिंह, परिवहन मंत्री प्रतिनिधि अरविन्द्र चौहान आदि अधिकारी व नेता उपस्थित रहे।