फोटो 6-प्राथमिक विद्यालय अमखेड़ा में पढ़ते बच्चे। स्रोत-विभाग
माधौगढ़। विकासखंड के प्राथमिक विद्यालय अमखेड़ा में आधुनिक तकनीक जैसे प्रोजेक्टर के माध्यम से पढ़ाना। लैपटॉप और स्मार्ट टीवी का इस्तेमाल। इससे पढ़ाई की ओर बच्चे आकर्षित हुए। यही वजह है आज विद्यालय निपुण की श्रेणी में शामिल है।
विद्यालय के शिक्षक विपिन उपाध्याय ने स्टाफ के साथ मिलकर शैक्षिक माहौल में रचनात्मक परिवर्तन किया है। विद्यालय में वर्ष 2024-25 में 92 बच्चे नामांकित थे। वर्तमान सत्र 2025-26 में गृह संपर्क और शिक्षक अभिभावक समिति के सहयोग से पिछले नामांकन से आगे बढ़ने के प्रयास जारी हैं। बच्चों की पढ़ाई में रुचि बढ़ाने के लिए मौन दिवस (भाषा शिक्षण के लिए), पुस्तकालय, छात्र-शिक्षकों द्वारा समय-समय पर प्रोजेक्ट वर्क, बुजुर्ग जागरूकता अभियान तथा स्कूल चलो अभियान जैसे नवाचार अपनाए जा रहे हैं।
विद्यालय में स्मार्ट टीवी, लैपटॉप, टैबलेट, प्रोजेक्टर, वीआर बॉक्स प्रोजेक्टर, आरओ प्लांट, खेल एवं व्यायाम सामग्री जैसी आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। सुंदर भौतिक परिवेश और बच्चों के समग्र विकास पर विशेष ध्यान दिया गया है।
विद्यालय की उपलब्धियों में छात्रों का लगातार दो वर्ष तक जनपद स्तर पर खेल व सांस्कृतिक प्रतियोगिताओं में प्रथम स्थान किया है। मंडल स्तर पर द्वितीय पुरस्कार हासिल किया है। निपुण विद्यालय’ के रूप में चयनित होना शामिल है। बीएसए चंद्रप्रकाश ने बताया कि विद्यालय में शैक्षिक माहौल के निर्माण और श्रेष्ठ शिक्षण कार्य के लिए विद्यालय के शिक्षक विपिन उपाध्याय को राज्य पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है।