नई जिलाधिकारी संदीप कौर ने बुधवार को आयोजित हुए तहसील दिवस में पहली मर्तबा लोगों की शिकायतें सुनीं। इस दौरान लापरवाह अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई और गैरहाजिर रहे पांच अधिकारियों का वेतन रोकते हुए शिकायतों को 14 दिन में निस्तारित करने के निर्देश दिए। तहसील दिवस में 120 शिकायतें आईं जिसमें 10 का मौके पर निस्तारण
कर दिया गया। मंगलवार को छुट्टी होने से बुधवार को तहसील सभागार में तहसील दिवस का आयोजन किया गया। इसमें जिलाधिकारी संदीप कौर ने एक-एक फरियादी की पूरी बात सुनी। इसके बाद उन्होंने संबधित विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिया कि एक सप्ताह में सभी शिकायतों का निस्तारण करें और शिकायतकर्ताओं को जानकारी भी दें। अधिकारियों
को सख्त निर्देश दिए कि एक भी लंबित प्रकरण नहीं रहना चाहिए। तहसील दिवस में अधिकारियों का उपस्थिति रजिस्टर चेक किया। गैरहाजिर रहे सेतु निगम के एक्जीक्यूटिव इंजीनियर केके मिश्रा, जिला कृषि रक्षाधिकारी, विद्युत विभाग के ऐई डीबी सिंह, श्रम प्रवर्तन अधिकारी अशोक कुमार यादव, जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक का वेतन रोकने के निर्देश
दिए। इसी के साथ पांचों अधिकारियों से जवाब भी मांगा है। तहसील दिवस में 120 शिकायतें दर्ज हुई और 10 को मौके पर निस्तारित किया गया। राजस्व विभाग की 12 शिकायतें दर्ज हुई इसमें तीन का निस्तारण किया गया। सहकारिता विभाग की चार, शिक्षा विभाग की एक, स्वास्थ्य विभाग की एक, पुलिस विभाग की 14 शिकायतों के साथ अन्य विभागों की 88
शिकायतें दर्ज हुई। पुलिस अधीक्षक बबलू कुमार ने कहा कि थाना व कोतवाली प्रभारी अपनी ड्यूटी के प्रति गंभीर रहे। शिकायतों को जल्द निस्तारित करें।
इस मौके पर एसडीएम संजय कुमार सिंह, विद्युुत विभाग के अधीक्षण अभियंता एसएस प्रसाद, ईओ रविंद्र कुमार, बीएसए अजीत कुमार, उप कृषि निदेशक अनिल कुमार पाठक, जिला कृषि अधिकारी चौधरी अरुण कुमार समेत अन्य विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।